एमी टिंकलर, एक पूर्व ब्रिटिश कलात्मक जिम्नास्ट, ने दो साल की उम्र में जिम्नास्टिक की यात्रा शुरू की थी। उनकी माँ ने उन्हें बेबी जिम्नास्टिक सत्र में ले जाकर इस खेल से परिचित कराया था। इस शुरुआती शुरुआत ने जिम्नास्टिक में एक सफल करियर का मार्ग प्रशस्त किया।

| Season | Event | Rank |
|---|---|---|
| 2016 | Women's Floor Exercise | B कांस्य |
| 2016 | Women's Team | 5 |
| 2016 | Women's Beam | 12 |
ब्रिटिश जिम्नास्ट क्लॉडिया फ्रैगापेन टिंकलर के करियर में सबसे प्रभावशाली व्यक्ति रही हैं। टिंकलर का खेल दर्शन उनके आदर्श वाक्य में सन्निहित है: "कड़ी मेहनत प्रतिभा को मात देती है जब प्रतिभा कड़ी मेहनत नहीं करती है।"
टिंकलर को अपने करियर के दौरान महत्वपूर्ण चुनौतियों का सामना करना पड़ा। उन्होंने इंग्लैंड के बर्मिंघम में 2018 विश्व कप में ऑल-राउंड इवेंट के लिए वार्म-अप के दौरान अपनी टखने की लिगामेंट्स को फाड़ दिया। इस चोट के कारण 2018 और 2019 में तीन सर्जरी हुईं और उन्हें ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में 2018 राष्ट्रमंडल खेलों से बाहर कर दिया गया। इसके अतिरिक्त, उन्होंने 2017 के मध्य में टखने का ऑपरेशन कराया।
अपनी उपलब्धियों को पहचानते हुए, टिंकलर को 2016 के बीबीसी यंग स्पोर्ट्स पर्सनैलिटी ऑफ द ईयर अवार्ड के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया था। इस सम्मान ने ब्रिटिश जिम्नास्टिक में उनके योगदान और एक युवा एथलीट के रूप में उनकी क्षमता को उजागर किया।
टिंकलर ने जनवरी 2020 में प्रतिस्पर्धी कलात्मक जिम्नास्टिक से संन्यास ले लिया। अपनी सेवानिवृत्ति पर विचार करते हुए, उन्होंने कहा, "जब एक दरवाजा बंद होता है, तो दूसरा खुलता है। अल्पावधि में, मैं नए अवसरों को आजमाने के लिए उत्साहित हूं।" वह अब इंग्लैंड के बिशप ऑकलैंड में रहती है और अपने परिवार के साथ समय बिताने का आनंद लेती है।