नई दिल्ली। देश को बैडमिंटन में पहला ओलंपिक स्वर्ण पदक दिलाते-दिलाते चूकने वाली भारत की स्टार शटलर पीवी सिंधु ने शुक्रवार को हुए फाइनल मुकाबले में रजत पदक जीतने के साथ ही करोड़ों भारतीयों के दिल भी जीत लिए।
इस रोमांचक और ऐतिहासिक मैच के बाद सिंधु के नाम कई रिकॉर्ड भी जुड़ गए हैं और हम दो ऐसे रिकॉर्ड लाए हैं जिनमें से एक तो पूरा हो गया लेकिन एक बनते-बनते रह गए। आइए जानते हैं इनके बारे में :
पीवी सिंधु ओलंपिक में फाइनल तक पहुंचने वाली पहली भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी हैं। इससे पहले साइना नेहवाल ही सेमीफाइनल तक का सफर तय कर सकी हैं। रियो ओलंपिक में नंबर 2 और नंबर 6 की खिलाड़ियों को हराने वाली सिंधु पुलेला गोपीचंद के नेतृत्व में बैंडमिंटन खेलना सीखी हैं।
आपको बता दें कि सेमीफाइनल मुकाबले के बाद ओलंपियन और स्वर्ण पदक विजेता रह चुके शूटर अभिनव बिंद्रा ने पीवी सिंधु के बारे में ट्वीट किया था कि, 'तुम जल्द से स्वर्ण पदक जीतो और व्यक्तिगत गोल्ड जीतने वाले इंडियन के क्लब में शामिल हो जाओ।'
हालांकि, ऐसा नहीं हो सका क्योंकि सिंधु फाइनल मुकाबला हार गईं। अगर वह जीत जातीं तो वह व्यक्तिगत स्पर्धा में ओलंपिक स्वर्ण जीतने वाली दूसरी भारतीय हो सकती थीं।