मेलबर्न। धोनी ब्रिगेड ने जिस तरह से विश्वकप के दो मैच खेले हैं उसने आलोचकों के मुंह पर ताला लगा दिया है। आस्ट्रेलिया में टेस्ट सीरीज और ट्राई सीरीज हारने के बाद जब कप्तान धोनी ने टीम इंडिया को प्रैक्टिस सेशन से दूर रिलैक्स करने के लिए रिसार्ट और पार्क में ले गये थे तो उनकी खूब आलोचना हुई थी लेकिन अब उनकी इसी बात के लिए लोग तारीफ कर रहे हैं।
धोनी के इस बात के लिए मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर ने भी तारीफ की है और कहा है कि थकाऊ और निराशाजनक प्रदर्शन के बाद टीम इंडिया को वार्म-अप होने के लिए एक ब्रेक की जरूरत थी और इस बात को कप्तान धोनी समझते थे और इसलिए ही उन्होंने ऐसा किया और जिसका नतीजा आपसभी के सामने है। मैं धोनी की इस बात के लिए तहे दिल से तारीफ करता हूं और टीम इंडिया को सलाह देता हूं कि अभी भी ज्यादा प्रैक्टिस करने की जरूरत नहीं।
हार के बाद ब्रेक बहुत जरूरी था
तेंदुलकर के मुताबिक 10 दिनों से अधिक का सफर तय कर चुका विश्व कप का रोमांच आगे और बढ़ेगा। भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच रविवार को खेले गए मैच के दौरान मेलबर्न क्रिकेट मैदान (एमसीजी) पर कुछ देर मौजूद रहे सचिन ने सभी टीमों के खिलाड़ियों को सलाह दी कि वे टूर्नामेंट में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए खुद को तरोताजा रखें।
तेंदुलकर ने कहा कि भले ही वह विश्व कप के ब्रांड एंबेसडर हैं और ऐसे में उन्हें निष्पक्ष रहना चाहिए लेकिन फिर भी वह भारतीय टीम के जीत की कामना करेंगे।