तैयारियों में आई दिक्कतों के बारे में फ़ेनेल ने कहा कि जो कुछ भी हुआ वो सबकी सामूहिक विफलता है और वे इसकी ज़िम्मेदारी लेते हैफ़ेनेल ने खेल गाँव में फ़ायर सेफ़्टी को लेकर चिंता जताई है और कहा कि वो दोपहर में ख़ुद जाकर इंस्पेक्शन करेंगे.
पत्रकार वार्ता में फ़ेनेल और सुरेश कलमाड़ी से पत्रकारों ने कई कड़े सवाल पूछे. फ़ेनेल ने स्वीकार किया है कि बहुत से काम जो अब किए जा रहे हैं वो बहुत पहले हो जाना चाहिए थे.फ़ेनेल से जब पूछा गया कि क्या भारत की साख पर असर पड़ा है तो उनका कहना था, "इस बात में कोई शक़ नहीं है कि बतौर मेज़बान भारत की छवि को नुकसान पहुँचा है. लोग सवाल पूछ रहे हैं कि क्या भारत को खेल मिलने चाहिए थे या नहीं."
सुरेश कलमाड़ी को भी पत्रकारवार्ता में कुछ कठिन सवालों का सामना करना पड़ा. उनसे पूछा गया कि क्या वे तैयारियों में रही कमियों की ज़िम्मेदारी लेते हैं तो उन्होंने कहा, आयोजन समिति केवल एक हिस्सा है. खेल स्थलों के निर्माण का हमारा हमारा नहीं था. देरी के लिए दूसरी एजेंसियाँ ज़िम्मेदार है.
लेकिन बार-बार पूछे जाने पर कलमाड़ी ने माना कि चेयरमैन होने के नाते वे भी ज़िम्मेदारी लेते हैं.
कलमाड़ी से कई बार ये सवाल पूछा गया कि क्या भारत खेल आयोजित कर पाएगा. इस पर कलमाड़ी ने कहा, "मैं ये मानता हूँ कि कुछ दिक्कते हुई हैं. दिक्कते तो दूसरे खेलों में भी होती हैं. मेनचेस्टर में हमें यूनिवर्सिटी में रहना पड़ा था. हमने तो खेल गाँव तैयार करके दिया है. लेकिन मैं कह सकता हूँ कि मेलबर्न जैसे खेल करके दिखाएँगे.आलोचकों का जवाब मैं खेलों के बाद दूँगा"
कटघरे में कलमाड़ी
सुरक्षा के मुद्दे पर कलमाड़ी ने कहा कि बाकी देश सुरक्षा इंतज़ामों से खुशु है और जामा मस्जिद के बाहर हुई गोलीबारी का खेलों से कोई लेना देना नहीं.फ़ेनेल ने इस बात पर ख़ुशी जताई कि अब सारे देश राष्ट्रमंडल खेलों में हिस्सा ले रहे हैं. उन्होंने कहा कि कुछ खिलाड़ी हिस्सा नहीं ले रहे हैं लेकिन ज़्यादातर के कारण खेलों से जुड़े हुए नहीं है.
वहीं पत्रकार वार्ता में आए वेल्स टीमों के प्रतिनिधिमंडलों के अध्यक्ष ने खेल गाँव की तैयारी पर संतुष्टि जताई. उन्होंने कहा, "पहले तो खेल गाँव में बहुत सारी दिक्कते थें, काम धीमा हो रहा था लेकिन जब ये चीज़ें सार्वजनिक की गई तो काम में सुधार होना शुरु हुआ. चार दिन से संसाधन बढ़ा दिए गए हैं. हमें लगा कि ख़राब प्रबंधन का मामला है और संसाधनों की कमी का मामला है. हम चाहेंगे कि काम चलता रहे."
फ़ेनेल ने अंतरराष्ट्रीय ज़ोन की जमकर तारीफ़ की और कहा कि डाइनिंग रूम और खाना बहुत ही बेहतरीन है.तैयारियों में आई दिक्कतों के बारे में फ़ेनेल ने कहा कि जो कुछ भी हुआ वो सबकी सामूहिक विफलता है और वे इसकी ज़िम्मेदारी लेते है.फ़ेनेल ने खेल गाँव में फ़ायर सेफ़्टी को लेकर चिंता जताई है और कहा कि वो दोपहर में ख़ुद जाकर इंस्पेक्शन करेंगे.
पत्रकार वार्ता में फ़ेनेल और सुरेश कलमाड़ी से पत्रकारों ने कई कड़े सवाल पूछे. फ़ेनेल ने स्वीकार किया है कि बहुत से काम जो अब किए जा रहे हैं वो बहुत पहले हो जाना चाहिए थे.खेल गाँव में गंदगी को लेकर हुआ आलोचना के बाद फे़नेल गुरुवार को भारत आए थे.