नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम चार टेस्ट मैचों की सीरीज का पहला मैच हारने के बाद अब दूसरे टेस्ट में जीत की तलाश में रहेगी। मुकाबला एक बार फिर चेन्नई में होगा। पहले मैच में इंग्लैंड के गेंदबाजों का दबदबा रहा। चेन्नई का मैदान स्पिन गेंदबाजों के लिए प्रसिद्ध है। लेकिन पहले मैच में इंग्लैंड के स्पिन गेंदबाजों के साथ-साथ तेज गेंदबाजों ने भी अच्छी गेंदबाजी की। हालांकि, भारतीय गेंदबाजों की विफलता के कारण, भारतीय टीम 1-0 से पीछे है। इसके अलावा इंग्लैंड की टीम में जेम्स एंडरसन, डोम बेस और जोफ्रा आर्चर शामिल थे, जिन्होंने शानदार गेंदबाजी की।
क्या दूसरे टेस्ट में टॉस निर्णायक होगा?
मुकाबला 13 फरवरी से चेन्नई में खेला जाएगा। पहले टेस्ट को देखते हुए, यह स्पष्ट है कि इस मैदान पर चौथी पारी में बल्लेबाजी करना मुश्किल है। टॉस जीतने वाली टीम पहले बल्लेबाजी करेगी। उनके पास मैच जीतने का मौका हो सकता है। हालाँकि, यह नहीं भूलना चाहिए कि भारतीय टीम ने 2008 में इस मैदान पर चौथी पारी में 387 रनों की चुनौती पूरी की थी।
मुकाबले के लिए इंग्लैंड ने एक दिन पहले 4 बदलाव किए हैं। वहीं भारतीय क्रिकेट टीम में भी बदलाव देखना तय है। पहले टेस्ट में कुलदीप यादव को माैका नहीं दिया गया था। उनकी जगह शाहबाज नदीम को रखा गया था जो काफी महंगे साबित हुए थे। साथ ही कुल 4 विकेट ले सकते थे। ऐसे में पहला टेस्ट मैच हारने के बाद भारतीय कप्तान विराट कोहली और टीम मैनेजमेंट के ऊपर कुलदीप यादव को मौका देने के दबाव होगा। इसके अलावा इंग्लैंड की टीम के कप्तान और कोच ने पहले ही स्पष्ट कर दिया है कि कुछ बदलाव दूसरे टेस्ट मैच में देखने को मिल सकते हैं। यहां तक कि इंग्लैंड की टीम के तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर पहले ही बाहर हो गए हैं।
भारत की संभावित प्लेइंग इलेवन
रोहित शर्मा, शुभमन गिल, चेतेश्वर पुजारा, विराट कोहली (कप्तान), अजिंक्य रहाणे, रिषभ पंत (विकेटकीपर), अक्षर पटेल, आर अश्विन, कुलदीप यादव, इशांत शर्मा और जसप्रीत बुमराह।