नई दिल्ली। श्रीलंका क्रिकेट टीम के पूर्व बल्लेबाज महेला जयवर्धने ने माैजूदा समय के क्रिकेट को देखकर बड़ा बयान दिया है। उनका कहना है कि अब के समय पहले जैसे गेंदबाज नहीं रहे हैं। जयवर्धने ने कहा कि जब वो अपने करियर में टाॅप पर थे तो उस समय कई खतरनाक गेंदबाज थे, लेकिन अब के समय में तेज गेंदबाजों और स्पिनरों को अच्छे बल्लेबाजों का सामना करना पड़ता है।
जयवर्धने ने यह भी कहा कि इस पीढ़ी के गेंदबाज शायद मुरलीधरन और वार्न के रिकाॅर्ड को नहीं छू पाएंगे। संजय मांजरेकर के साथ ईएसपीएनक्रिकइंफो के वीडियोकास्ट के दौरान जयवर्धने ने कहा, ''हमें देखना होगा कि मौजूदा पीढ़ी के गेंदबाज वो चीजें हासिल कर पाएंगे जो पूर्व गेंदबाजों ने हासिल की हैं। मौजूदा गेंदबाजों को बेहतर बल्लेबाजी इकाई का सामना करना पड़ रहा है।''
उन्होंने आगे कहा कि अगर आप सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले 10 गेंदबाजों को देखते हैं तो वो वही गेंदबाज हैं जो मेरे समय खेले थे। जयवर्धने ने कहा, ''मुथैया मुरलीधरन, शेन वॉर्न, ग्लेन मैकग्रा, अनिल कुंबले, हरभजन सिंह, सकलैन मुश्ताक, वसीम अकरम, वकार यूनिस मौजूद थे, उनके आंकड़े सब कुछ खुद बयां करते हैं।''
श्रीलंका के इस पूर्व महान खिलाड़ी ने कहा, ''मैंने अपने करियर के दौरान जिन गेंदबाजों का सामना किया उनके प्रदर्शन में काफी सुधार हुआ।'' जयवर्धने ने खुलासा किया कि उन्होंने क्रिकेट में तेज गेंदबाजी ऑलराउंडर के रूप में शुरुआत की थी। लेकिन अंत में उन्होने बल्लेबाजी करने में रूचि दिखाई। जयवर्धने ने उस समय को भी याद किया जब उनके माता-पिता ने हांगकांग सिक्सेज टूर्नामेंट में हिस्सा लेने के लिए उन्हें परीक्षा में नहीं बैठने की स्वीकृति दे दी थी। हांगकांग सिक्सेस टूर्नामेंट में प्रत्येक टीम में छह खिलाड़ी खेलते थे। उन्होंने अपने पूर्व साथी मुथैया मुरलीधरन को लेकर कहा कि इस महान स्पिनर को कुछ भी ऐसा करने के लिए मनाना मुश्किल होता था जिसे लेकर वह स्पष्ट नहीं होते थे।