Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block

राष्ट्रीय पुरस्कारों को लेकर सख्त हुआ खेल मंत्रालय

इसके अलावा खेल मंत्रालय ने इन पुरस्कारों के लिए 'पहले नजरअंदाज किए गए योग्य खिलाड़ी या कोच के चयन' का अधिकार अपने पास रखा है।

मंत्रालय ने काम के लिए निर्धारित समय सीमा की बाध्यता को खत्म कर दिया है। साथ ही उसने यह भी कहा कि वह नामांकित खिलाड़ियों के चरित्र और उनके पिछले जीवन के बारे में पुलिस जांच के माध्यम से जानकारी हासिल कर सकता है।

इस काम के लिए गठित समिति की सिफारिशों के आधार पर सरकार ने फैसला किया है कि वह प्रत्येक वर्ष एक ही व्यक्ति को राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार देगी। ओलंपिक पदक विजेताओं के मामले में इस संबंध में नियमों में ढील दी जा सकती है।

मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, "सरकार को राष्ट्रीय खेल पुरस्कारों के लिए सभी वर्गो में उन खिलाड़ियों और कोचों का नामांकन का अधिकार होगा, जिन्हें किन्हीं कारणों से पहले नजरअंदाज कर दिया गया हो।"

सरकार ने अर्जुन पुरस्कार के संबंध में भी नियमों में बदलाव किया है। अब ये पुरस्कार स्पर्धाओं के आधार पर नहीं दिए जाएंगे।

बयान में कहा गया है, "अर्जुन पुरस्कार 15 लोगों को ही दिए जाएंगे। इसके लिए भी सरकार की राय जरूरी होगी। किसी खिलाड़ी को मरणोपरांत अर्जुन पुरस्कार से नवाजे जाने की तय तीन वर्ष की समयसीमा समाप्त कर दी गई है।"

सरकार ने कहा है कि प्रत्येक वर्ष खेलों के क्षेत्र में प्रशिक्षण देने वालों को उनके शानदार योगदान के लिए दिए जाने वाले द्रोणाचार्य पुरस्कार तीन लोगों को ही दिए जाएंगे।

पहले यह सम्मान पांच लोगों को दिया जाता था लेकिन अब इसमें दो ऐसे लोगों को भी शामिल किया जाएगा, जिन्हें जीवनपर्यन्त योगदान के लिए सम्मानित किया जाएगा।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

Story first published: Tuesday, November 14, 2017, 12:32 [IST]
Other articles published on Nov 14, 2017
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+