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'संन्यास का फ़ैसला ख़ुद करूँगा'

सचिन तेंदुलकर ने टेस्ट क्रिकेट में सर्वाधिक रनों का रिकॉर्ड अपने नाम करने के बाद संन्यास लेने का सुझाव देने वालों को आड़े हाथों लिया है.

सचिन ने संन्यास लेने के बारे में कहा, "किसी को यह कहने की ज़रूरत नहीं है कि मुझे कितने समय तक खेलना चाहिए. मैं जब तक चाहूँगा खेलता रहूँगा. मैं नहीं चाहता कि कोई एक्स, वाई, ज़ेड मुझसे कहे कि मुझे कब खेलना छोड़ना चाहिए."

सचिन ने ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ मोहाली में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन टेस्ट क्रिकेट में सर्वाधिक रनों के ब्रायन लारा का रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिया.

पहले दिन के खेल के बाद जब वो पत्रकारों से मुख़ातिब हुए तो क्रिकेट से संन्यास लेने के संबंध में पूछे गए सवालों पर वो खुशी की इस घड़ी में थोड़े आक्रामक हो गए.

उन्होंने कहा, "जब मैंने खेलना शुरू किया था तब तो किसी ने नहीं कहा था कि मुझे खेलना चाहिए."

आलोचकों पर निशाना

सचिन ने सख़्त लहज़े में कहा, "मुझे किसी के सामने कुछ साबित नहीं करना है. इन 19 साल में मुझे खुद को साबित नहीं करना पड़ा. मुझे किसी के सामने खुद को साबित करने की जरूरत भी नहीं है. मैं वहीं करूंगा जो मेरी टीम मुझसे चाहेगी."

सचिन संन्यास के बारे में पूछने पर थोड़े सख़्त हो गए

संन्यास की मांग करने वाले अपने आलोचकों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि उन्होंने अपने ऊपर फेंके गए पत्थरों को रिकॉर्ड में परिवर्तित कर दिया.

वेस्टइंडीज़ के महान बल्लेबाज ब्रायन लारा के 11 हज़ार 953 रनों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ने के बाद सचिन ने कहा, "लोग कभी-कभी पत्थर फेंकते है और आप उन्हें मील के पत्थर में बदल देते है."

मास्टर ब्लास्टर का कहना था, "टेस्ट क्रिकेट में सर्वाधिक रन बनाने वाला खिलाड़ी बनना उनके करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि है. यह रातों रात नहीं होता. उतार-चढ़ाव से भरा यह सफर शानदार रहा. यह सफलता की प्रक्रिया थी."

किसी को यह कहने की ज़रूरत नहीं है कि मुझे कितने समय तक खेलना चाहिए. मैं जब तक चाहूँगा खेलता रहूंगा. मैं नहीं चाहता कि कोई एक्स, वाई, ज़ेड मुझसे कहे कि मुझे कब खेलना छोड़ना चाहिए
बंगलौर में जहाँ पिच पर असमान उछाल थी वहीं मोहाली के सपाट पिच पर सचिन ने बेहतरीन स्ट्रोक लगाए लेकिन शतक बनाने से चूक गए.

88 रन के स्कोर पर आउट होने से निराश दिखे सचिन ने कहा, "आउट होना निराशाजनक है. मेरा लक्ष्य अंत तक विकेट पर टिके रहना था और कल पारी की नई शुरुआत करना था लेकिन एक अच्छी गेंद को समझने में मैंने थोड़ी देर कर दी और फ्रंट फुट पर आ गया जबकि पीछे खड़े रहना चाहिए था क्योंकि नई गेंद अलग बर्ताव करती है."

Story first published: Tuesday, November 14, 2017, 12:19 [IST]
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