कोलकाता। धोनी के साथ जो भी हो रहा है...वो तो उपमहाद्वीप की आदत है, जब कोई सीरीज हारता है, तो लोग उसके पीछे पड़ ही जाते हैं, क्रिकेट नायकों को खलनायक बना दिया जाता है, इसलिए धोनी की आलोचना नहीं होनी चाहिए, उनको लेकर गंदी बातें नहीं होनी चाहिए।
धोनी एक बहुत अच्छे कप्तान हैं और उनके नेतृत्व ने भारत और टीम इंडिया ने काफी अच्छा प्रदर्शन किया है। धोनी कि निगेटिव छवि पेश करने में मीडिया का भी बहुत बड़ा हाथ है। मालूम हो कि शाहिद अफरीदी को भी पाकिस्तान में काफी जलालत और आलोचनाएं झेलनी पड़ी है जिसकी वजह से ही शायद अफरीदी को धोनी का दर्द महसूस हो रहा है।
गौरतलब है कि बांग्लादेश से सीरीज हारने के बाद टीम इंडिया के वनडे कैप्टन महेन्द्र सिंह धोनी की कप्तानी और फैसलों पर उंगलियां उठ रही हैं जिसके कारण खुद धोनी ने कहा था कि अगर उनकी कप्तानी छोड़ने से टीम का प्रदर्शन सुधर जाता है तो मैं कप्तानी छोड़ने को तैयार हूं।