क्या 4 दिन का होना चाहिए टेस्ट मैच? आशीष नेहरा और युवराज ने दी अपनी राय

नई दिल्ली। पिछले कुछ दिनों में क्रिकेट जगत में एक मुद्दा गर्माया हुआ है। मुद्दा है कि क्या ICC टेस्ट चैम्पियनशिप के मुकाबले पांच दिन की बजाय 4 दिन के होने चाहिए। आईसीसी 2023 से वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में शामिल मुकाबलों को अनिवार्य रूप से चार दिवसीय करने पर विचार कर रहा है। लेकिन भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ी इसका समर्थन नहीं कर रहे हैं। अब पूर्व तेज गेंदबाज आशीष नेहरा और युवराज भी 4 दिन का टेस्ट करवाने के पक्ष में नहीं हैं।

आशीष नेहरा ने स्पोर्टस्टार के हवाले से इसपर चर्चा करते हुए कहा, ''ईमानदारी से कहूं तो,आईसीसी यदि रैंक टर्नर या सीमिंग विकेट तैयार करना चाहता है तो वाकई ये काफी मुश्किल होगा। फिर से मैं कहूंगा कि टेस्ट क्रिकेट को छोटा करना बहुत अच्छा विचार नहीं है। जब टेस्ट क्रिकेट की बात आती है, तो आपको कुछ चीजें पता होती हैं जिन्हें आपको बदलना नहीं चाहिए या बहुत अधिक स्पर्श करना चाहिए, क्योंकि आप देखते हैं, इसलिए कई बार परिणाम दिन संख्या पांच पर आता है।'' युवराज ने भी नेहरा की इस राय को प्रतिध्वनित किया जब उन्होंने कहा कि नेहरा ने जो कहा उससे मैं सहमत हूं।

मैच से पहले फिंच बोले- भारत के पास बड़े खिलाड़ी हैं, सीरीज में कर सकते हैं वापसी

बता दें कि आईसीसी का कहना है कि 5 दिन के टेस्ट के कारण लंबा समय खराब हो जाता है। अगर 2015-2023 सत्र में चार दिवसीय टेस्ट मैच खेले जाते तो खेल से 335 दिन बच जाते। हालांकि बीसीसीआई अध्यक्ष सौरभ गांगुली ने 2023 से विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के मैचों को चार दिवसीय टेस्ट के रूप में कराने योजना पर फिलहाल कोई भी टिप्पणी करना जरूरी नहीं समझा। उन्होंने कहा था कि इस पर अभी टिप्पणी करना जल्दबाजी होगी। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के मुख्य कार्यकारी केविन रॉबर्ट्स ने कहा था कि चार दिवसीय टेस्ट पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।

For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

क्रिकेट से प्यार है? साबित करें! खेलें माईखेल फेंटेसी क्रिकेट

Story first published: Thursday, January 16, 2020, 19:08 [IST]
Other articles published on Jan 16, 2020
POLLS
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X