मेलबर्न। ऑस्ट्रेलिया दौरे पर एक के बाद एक लगातार मिल रही हार पर टीम इंडिया के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने चयनकर्ताओं पर बड़े सवाल उठाये हैं। गांगुली ने अश्विन, जडेजा, उमेश सहित कई खिलाड़ियों के टीम में होने पर सवाल खड़े किये हैं।
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दिक्कत आज से नहीं पांच साल से है
सौरव गांगुली ने कहा कि टीम इंडिया में पिछले पांच साल से दिक्कत है। टीम में खिलाड़ियों को घरेलू पिचों में प्रदर्शन के आधार पर जगह दी जा रही है। उन्होंने कहा कि टीम में अनुभव की दिक्कत नहीं है बल्कि दिक्कतें क्या है उसे समझने की जरूरत है। टीम इंडिया के विश्वकप 2011 के बाद विदेश जमीन पर लगातार खराब प्रदर्शन पर सवाल उठाते हुए कहा कि तकरीबन सभी खिलाड़ी जो इस बार ऑस्ट्रेलिया के दौरे पर हैं वह सारे खिलाड़ी पांच साल पहले भी ऑस्ट्रेलिया के दौरे पर थे। उन्होंने कहा कि कहा कि बरिंदर सरन को छोड़ कर सभी खिलाड़ी टीम में थे
घरेलू प्रदर्शन के आधार पर खिलाड़ियों को टीम में जगह मिल रही
दादा ने कहा कि टीम में उन खिलाड़ियों ने भारत के लिए लंबे समय तक खेला है जिन्हें विदेशी जमीन पर प्रदर्शन के आधार पर टीम में जगह दी गयी है। उन्होंने कहा जो खिलाड़ी 300 से अधिक वनडे 100 से अधिक टेस्ट खेले हैं उन सबको विदेशी जमीन पर प्रदर्शन के आधार पर टीम में जगह दी गयी है।
विदेशी जमीन पर अश्विन का प्रदर्शन खराब
गांगुली ने कहा अश्विन ने विदेश धरती पर 10 मैचों में सिर्फ 3 विकेट हासिल किये हैं वह भी 90 के स्ट्राईक रेट से। उन्होंने रवींद्र जडेजा, उमेश यादव, अश्विन, भुवनेश्वर कुमार सहित कई खिलाड़ियों के टीम में होने पर सवाल खड़ा किया है।
विदेशी जमीन पर लगातार मिल रही है हार
कप्तान महेंद्र सिंह धोनी का बचाव करते हुए दादा ने कहा कि धोनी ने टीम इंडिया के लिए काफी योगदान किया है। उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया से लगातार मिली हार से वह आश्चर्यचकित नहीं हैं। दादा ने कहा कि विश्वकप 2011 से टीम इंडिया विदेशी जमीन पर लगातार हार का सामना कर रही है। दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया, बांग्लादेश यह सभी वह दौरे हैं जहां टीम इंडिया को क्लीन स्वीप का सामना करना पड़ा ऐसे में टीम में खिलाड़ियों के चयन पर ध्यान देने की जरूरत है। सौरव गांगुली ने चयनकर्ताओं और तमाम क्रिकेट से जुड़े लोगों से कहा कि टीम में खिलाड़ियों को विदेशी जमीन पर प्रदर्शन के आधार पर टीम में लिया जाना चाहिए।