गौरतलब है कि ये खिलाड़ी भारत में युवाओं के लिए एक आइकन हैं। अत: सेना में युवाओं को सेना में शामिल करने के लिए प्रेरित करने हेतु सचिन तेंदुलकर को वायुसेना में ग्रुप कैप्टन के पद से सम्मानित किया गया था। लेकिन न तो सचिन और न ही धोनी ने इसके बाद सेना के किसी कार्यक्रम में भाग लिया जब भी उनसे संपर्क किया गया तो उन्होने समय न होने की बात कही।
इस पर देश के रक्षा मंत्री ए के एंटिनी ने कहा है कि हम काफी सोंच समझकर इन खिलाडि़यों को यह सम्मान प्रदान करते हैं। जिससे बटालियन फोर्स के जवानों की हौसलाफजाई की जा सके।