चेन्नई। स्पॉट फिक्सिंग के घेरे में चल रहे बीसीसीआई के पूर्व अध्यक्ष श्रीनिवासन ने चेन्नई सुपरकिंग्स के कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी का नाम लेकर एक नयी बहस को छेड़ दिया है। हालांकि श्रीनिवासन ने धोनी के हित के बारे में ही बात कही है लेकिन उनके कहने का अंदाज काफी गुस्से वाला था जिसकी वजह से यह बात सुर्खियों में आ गई है।
आईसीसी के एक कार्यक्रम में खुले तौर पर श्रीनिवासन ने धोनी से जुड़े किसी भी सवाल का जवाब देने से बचते हुए दिखायी दिये। मालूम हो कि आईपीएल की चेन्नई सुपरकिंग्स की मालिकाना हक वाली कंपनी इंडिया सीमेंट्स है। यह कंपनी श्रीनिवासन की है और धोनी इसके उपाध्यक्ष है। ऐसे में उच्चतम न्यायालय ने चेन्नई सुपरकिंग्स के कप्तान और इंडिया सीमेंट्स का उपाध्यक्ष होने के लिए धोनी पर हितों के टकराव को लेकर सवाल उठाए हैं।
जिस पर श्रीनिवासन ने कहा कि जो कुछ भी हो रहा है वो कोर्ट में हैं इसलिए मैं मुझे आपको क्यों बताना चाहिए। गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के छठे संस्करण में हुए कथित स्पॉट फिक्सिंग एवं सट्टेबाजी मामले पर सुनवाई करते हुए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के निर्वासित चल रहे अध्यक्ष एन. श्रीनिवासन से हितों के टकराव की स्थिति में होने पर स्पष्टीकरण मांगा। न्यायालय ने श्रीनिवासन से उनकी कंपनी इंडिया सीमेंट्स के स्वामित्व वाली आईपीएल फ्रेंचाइजी चेन्नई सुपर किंग्स के टीम प्रिंसिपल पद पर नियुक्त और सट्टेबाजी के आरोपी उनके दामाद गुरुनाथ मयप्पन के संदर्भ में यह स्पष्टीकरण मांगा है।
कोर्ट ने यह भी कहा है कि वह याचिकाकर्ता बिहार क्रिकेट संघ द्वारा श्रीनिवासन को बीसीसीआई के अगले चुनाव में खड़े होने से रोकने और चेन्नई सुपर किंग्स की फ्रेंचाइजी रद्द किए जाने की मांग पर भी विचार करेगी।मामले पर न्यायालय की अगली सुनवाई आठ दिसंबर को होगी।