हरारे। राजनीति और खेल के लिहाज से संक्रमण काल से गुजर रहे अफ्रीकी देश जिंबाब्वे में मंगलवार को ब्राजील की फुटबाल टीम का पहुंचना अपने आपमें एक महान घटना थी। यही कारण है कि हजारों की संख्या में लोग ब्राजीली खिलाड़ियों के दर्शन के लिए हवाई अड्डे से लेकर सड़कों तक उमड़ पड़े।
पांच बार विश्व खिताब जीत चुकी ब्राजील की टीम फीफा विश्व कप-2010 के लिए रविवार को ही दक्षिण अफ्रीका पहुंच चुकी थी। इस टीम ने अभ्यास के तौर पर मैच खेलने का जिंबाब्वे का न्यौता स्वीकार किया और पहुंच गई हरारे जहां बुधवार को यह मैच खेला जाना है।
ब्राजील के अधिकारियों ने भी इस मैच को सिर्फ इसलिए हरी झंडी दे दी क्योंकि जिंबाब्वे दक्षिण अफ्रीका से काफी करीब है। वैसे कद के लिहाज से दोनों टीमों के बीच कोई बराबरी नहीं। ब्राजील विश्व वरीयता क्रम की पहले नंबर की टीम है जबकि जिंबाब्वे को 110वीं वरीयता प्राप्त है।
ब्राजीली टीम के अपने देश में पहुंचने की खबर मिलते ही हजारों फुटबाल प्रेमी हवाई अड्डे की और दौड़ पड़े। सड़कों पर काका और रोबिन्हो जैसे अपने चहेते फुटबाल खिलाड़ियों को देखने के लिए भारी भीड़ थी। इस भीड़ को संभालने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग भी करना पड़ा।
स्थानीय लोगों ने इस मैच को विश्व कप फाइनल की संज्ञा दे डाली क्योंकि इससे पहले उनकी धरती पर इतनी बड़ी टीम के साथ कभी कोई फुटबाल मैच नहीं खेला गया। एक फुटबाल अधिकारी ने बताया कि इस मैच के टिकट मुंहमांगी कीमत पर बिक चुके हैं।