रस्टेनबर्ग। इंग्लैंड को फीफा विश्व कप-2010 में शनिवार को मायूसी हाथ लगी। उसके गोलकीपर की एक चूक की वजह से अमेरिका के साथ मुकाबला बराबरी पर रहा।
स्थानीय रॉयल बाफोकेंग स्टेडियम में गुप-सी के पहले मुकाबले में एक समय इंग्लैंड को 1-0 की बढ़त मिल गई थी लेकिन गोलकीपर रॉबर्ट ग्रीन की गलती यहां टीप पर भारी पड़ गई। उनकी गलती की वजह से अमेरिका ने खेल के 40वें मिनट में स्कोर को 1-1 से बराबर कर लिया।
दरअसल, अमेरिकी खिलाड़ी क्लांइट डेम्पसे के हल्के किक को ग्रीन नहीं रोक पाए और गेंद उन्हें छूते हुए गोलपोस्ट में चली गई। गेंद धीमी रफ्तार से गोलपोस्ट की ओर बढ़ रही थी और ग्रीन उसे रोक नहीं सके। उनके इस प्रदर्शन से इंग्लैंड के दर्शकों को खासी निराशा हुई।
क्लिक करें: फीफा 2010 की ताजा खबरें
वैसे इस मैच मे इंग्लैंड की टीम को जीत का दावेदार माना जा रहा था। मैच के शुरुआत में यह बात नजर भरी आई। इंग्लैंड के कप्तान स्टीवन जेरार्ड ने खेल के पांचवे मिनट में ही गेंद को बड़े ही खूबसूरत ढंग से गोलपोस्ट में डाल दिया।
दूसरे हाफ में इंग्लैंड के वेन रूनी और फ्रैंक लेम्पर्ड जैसे खिलाड़ियों ने हमले तेज किए लेकिन कोई गोल करने में नाकाम रहे। उनके हर प्रयास को अमेरिकी गोलकीपर टिम हावर्ड ने विफल कर दिया। टिम को उनकी शानदार गोलकीपिंग के लिए मैन ऑफ द मैच चुना गया।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।