आस्ट्रेलियाई टीम की पहली पारी 478 रनों पर खत्म होने के बाद सहवाग और विजय ने भारतीय टीम को सधी हुई शुरुआत दी। परंतु धुआंधार बल्लेबाजी करने के क्रम में सहवाग संयम खो बैठे और बेन हिल्फेनहॉस की गेंद पर मिशेल जानसन के हाथों लपके गए। पेवेलियन लौटने से पहले सहवाग ने 28 गेंदों पर 30 रन बनाए। द्रविड़ एक रन बनाकर जानसन का शिकार बन गए।
इससे पहले आस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम के सभी बल्लेबाज 478 रनों पर पेवेलियन लौट गए। मेहमान टीम की ओर से मार्कस नॉर्थ ने शतकीय पारी खेली। श्रंखला में 0-1 से पीछे चल रही आस्ट्रेलिया की टीम ने पहले दिन का खेल का समाप्त होने के समय पांच विकेट पर 285 रन बनाए थे। दूसरे दिन नार्थ और टिम पेन ने पूरी सूझबूझ के साथ पारी को आगे बढ़ाया। पहले नॉर्थ और पेन ने अपना अर्धशतक पूरा किया। दोनों ने पहले सत्र में भारतीय गेंदबाजों कोई कामयाबी हासिल नहीं होने दी।
भोजनकाल के बाद पेन प्रज्ञान ओझा की एक गेंद पर विकेट के पीछे लपके गए। उन्होंने 59 रन बनाए। दूसरे दिन भारत को मिली यह पहली सफलता थी। पेन के आउट होने के कुछ देर बाद ही मिशेल जानसन भी ओझा की गेंद पर पगबाधा करार दिए गए। जानसन खाता भी नहीं खोल सके। ओझा का यह तीसरा विकेट था। इस बीच नॉर्थ ने अपना शतक पूरा किया। टेस्ट मैचों में उनका पांचवां शतक है।
नॉर्थ के रूप में आस्ट्रेलिया को आठवां झटका लगा। हरभजन सिंह का तीसरा शिकार बनने से पहले नॉर्थ ने रन बनाए। अपनी इस शतकीय पारी में उन्होंने गेंदों का सामना करते हुए 17 चौके और एक छक्का लगाया। खेल के पहले दिन आस्ट्रेलिया के पांच खिलाड़ी आउट हुए थे। मेहमान टीम की ओर से पहले दिन कप्तान रिकी पोंटिंग ने 77 और सलामी बल्लेबाज ने 57 रनों की पारी खेली थी। इनके अलावा साइमन कैटिच ने भी 43 रन बनाए थे।
भारत की ओर से हरभजन ने 148 रन खर्च करके चार और ओझा ने 120 रन देकर तीन विकेट चटकाए। इनके अलावा जहीर खान और सुरेश रैना ने एक-एक विकेट लिए। इस मैच में ईशांत शर्मा के स्थान पर टीम में शामिल किए गए शांताकुमारन श्रीसंत को कोई सफलता नहीं मिली। यह मुकाबला दो मैचों की टेस्ट श्रृंखला का आखिरी मैच है। मोहाली में खेले गए पहले मैच में भारत ने आस्ट्रेलिया को एक विकेट से हरा दिया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।