वैसे इस मैच पर दुनियाभर के खेल प्रेमियों की नज़रें थीं, क्योंकि इस टीम के कोच फ़ुटबॉल के महानायक डिएगो माराडोना हैं और उनके नेतृत्व पर कई सवाल खड़े किए जा रहे थे, लेकिन इस जीत के साथ ही उन्होंने अपने नेतृत्व का लोहा मनवा लिया है.
उम्मीदों के अनुसार अर्जेंटीना की टीम ने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया है और छठे ही मिनट में ग्रबिएल ने एक गोल दाग़ कर टीम को बढ़त दिला दी. इसके साथ ही टीम को गोल की जो एक बढ़त मिली वो आख़िर तक बनी रही. इस गोल के बाद दोनों में से कोई भी टीम गोल नहीं कर सकी. अर्जेटीना के ग्रेबिएल हाइंज़ ने गोल किया लेकिन मैन ऑफ़ द मैच नाइजीरिया के गोलकीपर विनसेंट एनिएमा कि मिला. एनिएमा ने शानदार खेल का प्रदर्शन किया और छह गोल बचाए.
पूरे खेल के दौरान अर्जेंटीना के हीरो और दुनिया के बेहतरीन फ़ुटबॉल खिलाड़ियों में गिने जाने वाले लियोनेल मेसी का जलवा दिखा और उन्होंने कई बार गोल करने की कोशिश की. मेसी गोल तो नहीं कर पाए लेकिन उनका खेल शानदार रहा और वो पूरे मैच के दौरान छाए रहे. तावेज़ के साथ मेसी ने नाइजीरिया की टीम पर ख़ासा दबाव बनाए रखा.
हालांकि नाइजीरिया को भी गोल करने के कुछ नज़दीकी मौक़े मिले लेकिन उनके खिलाड़ी गेंद को गोलपोस्ट में डालने में हर बार नाकाम रहे. पूरे खेल के दौरान गेंद पर अधिक समय अर्जेंटीना का ही क़ब्ज़ा रहा और उसने लक्ष्य पर 10 निशाने साधे जबकि नाइजीरिया को ऐसे मौक़े केवल तीन बार ही मिल सके. इससे पहले खेले गए मैच में दक्षिण कोरिया ने ग्रीस को 2-0 से मात दी.
हालांकि विश्व कप में दक्षिण कोरिया को बड़ा दावेदार नहीं माना जा रहा है. लेकिन वर्ष 2002 के विश्व कप में दक्षिण कोरिया की टीम सेमी फ़ाइनल तक पहुँच गई थी. ग्रीस की टीम यूरो 2004 का ख़िताब जीत चुकी है. विश्व कप में अनुभव की बात करें, तो दक्षिण कोरिया का ये आठवां विश्व कप है तो ग्रीस की टीम सिर्फ़ दूसरी बार विश्व कप में हिस्सा ले रही है.