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त्रिकोणीय श्रृंखला : जिंबाब्वे ने श्रीलंका को 8 विकेट से हराया (लीड-6)

टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करने उतरी श्रीलंकाई टीम 47.5 ओवरों में 236 रन बनाकर पेवेलियन लौट गई थी जबकि जिंबाब्वे ने टेलर के बेहतरीन शतक की बदौलत 47.5 ओवरों में मात्र दो विकेट गंवाकर जीत के लिए जरूरी रन बना लिए। श्रृंखला में जिंबाब्वे की यह तीसरी जीत है। उसने इससे पहले लगातार दो मुकाबलों में भारत को पराजित किया था।

जिंबाब्वे की जीत के असल हीरो टेलर रहे, जिन्होंने इस श्रृंखला में शानदार बल्लेबाजी की है। टेलर ने अपनी 137 गेंदों की पारी के दौरान आठ चौकों और एक छक्के की मदद से 116 रन बनाए। इस श्रृंखला में टेलर का यह पहला शतक है। उन्होंने इससे पहले दो अर्धशतक लगाए थे।

ताइबू ने 54 गेंदों पर एक छक्के की सहायता से 41 रनों की उपयोगी पारी खेली। चिभाभा ने भी 58 रनों की बेहद उपयोगी पारी खेली थी। चिभाभा हालांकि 148 रन के कुल योग पर पेवेलियन लौट गए थे लेकिन उन्होंने टेलर के साथ 134 रनों की साझेदारी निभाकर अपनी टीम को जीत के लिए जरूरी आधार दे दिया था।

जिंबाब्वे ने 14 रन के कुल योग पर सलामी बल्लेबाज हेमिल्टन मासाकाद्जा (3) का विकेट गंवा दिया था लेकिन उसके बाद टेलर और चिभाभा ने शतकीय साझेदारी को अंजाम दिया। चिभाभा ने 81 गेंदों का सामना करते हुए चार चौके और एक छक्का लगाया।

इससे पहले, टॉस हारने के बाद बल्लेबाजी करते हुए श्रीलंकाई टीम ने 47.5 ओवरों में अपने सभी विकेट गंवाकर 236 रन बनाए। कप्तान तिलकरत्ने दिलशान ने सर्वाधिक 78 रनों का योगदान दिया जबकि उपुल थरंगा ने 69 रन जोड़े।

दिलशान ने 66 गेंदों का सामना करते हुए नौ चौके और दो छक्के लगाए जबकि थरंगा ने 97 गेंदों पर पांच बार गेंद को सीमा रेखा के पार भेजा। दोनों ने पहले विकेट के लिए 122 रन जोड़े।

इसके बाद हालांकि श्रीलंका के बल्लेबाज जिंबाब्वे की कसी हुई गेंदबाजी के आगे बेबस हो गए। यही कारण रहा कि छह बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा भी नहीं पार कर सके जबकि चमारा कापूगेदेरा (12) और थिलन समरवीरा (16) जैसे दिग्गज भी सस्ते में धराशाई हो गए।

जिंबाब्वे की ओर से क्रिस मोफू, प्रॉस्पर उत्सेया और ग्रीम क्रेमर ने दो-दो सफलताएं अर्जित कीं जबकि मासाकाद्जा और रे प्राइस ने एक-एक विकेट झटका।

परिणाम के लिहाज से यह मैच महज औपचारिकता था क्योंकि दोनों ही टीमें फाइनल में पहुंच चुकी हैं। तीसरी टीम के तौर पर टीम इंडिया अपने तीन मैच गंवाने के बाद श्रृंखला से बाहर हो चुकी है। खिताबी मुकाबला इसी मैदान पर खेला जाना है।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

Story first published: Tuesday, November 14, 2017, 12:38 [IST]
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