सुपर किंग्स टीम ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीए) के तीसरे संस्करण के फाइनल में मुंबई इंडियंस को हराकर खिताबी जीत हासिल की थी। उसने आईपीएल में लगातार तीसरी जीत दर्ज की थी। सुपर किंग्स ने पहली बार आईपीएल खिताब जीता है।
पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवरों में चार विकेट पर 151 रन बनाने वाली सुपर किंग्स टीम ने सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट्स टीम को 181. ओवरों में 94 रनों पर समेट दिया। ट्वेंटी-20 मैचों में सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट्स टीम का यह सबसे कम स्कोर है।
जनवरी, 2010 में इस टीम ने न्यूजीलैंड की घरेलू ट्वेंटी-20 लीग मुकाबले में ओटागो के खिलाफ 116 रन बनाए थे लेकिन सुपर किंग्स के खिलाफ इसे अपने अब तक के न्यूनतम स्कोर का सामना करना पड़ा।
सुपर किंग्स की ओर से एस. बद्रीनाथ ने 52 रनों की शानदार नाबाद पारी खेली। बद्रीनाथ ने अपना छठा ट्वेंटी-20 अर्धशतक लगाने के लिए कुल 42 गेंदों का सामना किया और चार चौके तथा दो छक्के लगाए।
बद्रीनाथ अब तक 47 ट्वेंटी-20 मैचों में कुल 777 रन बना चुके हैं। वह सुपर किंग्स के चौथे सबसे सफल बल्लेबाज हैं। बद्री के अलावा सुरेश रैना ने 1379 रन, मैथ्यू हेडन ने 1107 रन और कप्तान धौनी ने 1033 रन बनाए हैं।
हेडन हालांकि इस मुकाबले में शून्य पर पेवेलियन लौटे। आईपीएल के तीसरे संस्करण में बेहद निराशाजनक प्रदर्शन करने वाले हेडन सिर्फ एक गेंद का सामना कर सके।
अपनी टीम को शानदार जीत दिलाने में सुपर किंग्स के गेंदबाजों ने अहम भूमिका निभाई। लक्ष्मीपति बालाजी ने 20 रन देकर सर्वाधिक तीन विकेट झटके जबकि मुथैया मुरलीधरन, डगलस बोलिंगर और आर. अश्विन को दो-दो सफलता मिली। धौनी ने तीन कैच लपके।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
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