जनवरी 2007 में, चीन के आंतरिक मंगोलिया से एक एथलीट ने मुक्केबाजी की शुरुआत की। उनकी ऊँचाई और पहुँच ने एक कोच का ध्यान खींचा, जिससे उन्हें इस खेल से प्यार हो गया। उनके स्कूल टीम में बास्केटबॉल खेलने के पिछले अनुभव ने भी उनके मुक्केबाजी कौशल में योगदान दिया।

| Season | Event | Rank |
|---|---|---|
| 2021 | Women's Middleweight | S रजत |
| 2016 | Women's Middleweight | B कांस्य |
यह एथलीट फिलीपिनो मुक्केबाज मैनी पैकियाओ को अपना आदर्श मानती है। वह "कभी हार मत मानो" के आदर्श वाक्य पर चलती है, जिसने उनके करियर में विभिन्न चुनौतियों से उन्हें आगे बढ़ाया है। यह दर्शन उनकी सफलता का आधार रहा है।
उनकी उपलब्धियाँ अनदेखी नहीं रही हैं। 2018 में, उन्हें एशियाई मुक्केबाजी महासंघ द्वारा सर्वश्रेष्ठ एशियाई महिला एलीट मुक्केबाज नामित किया गया था। इसके अतिरिक्त, 2015 में, उन्हें चीन के खेल के सामान्य प्रशासन द्वारा अंतर्राष्ट्रीय वर्ग के एक एलीट एथलीट के रूप में सम्मानित किया गया था।
आगे देखते हुए, उनका लक्ष्य 2024 के पेरिस ओलंपिक खेलों में स्वर्ण पदक जीतना है। यह लक्ष्य उनके उत्कृष्टता के लिए निरंतर प्रयास और अपने खेल के प्रति समर्पण को दर्शाता है।
चीन में रहने वाली और मंदारिन में धाराप्रवाह, वह कठोर प्रशिक्षण जारी रखती है। एक बास्केटबॉल खिलाड़ी से एक कुलीन मुक्केबाज तक उनकी यात्रा उनकी कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प का प्रमाण है।