पूर्व लेग स्पिनर और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की चयन समिति के अध्यक्ष अब्दुल कादिर ने कहा, "भारत सरकार के इस फैसले से क्षेत्र में क्रिकेट पर संकट आ सकता है। हमें इससे बहुत निराशा हुई है।"
पूर्व क्रिकेटर बासित अली और जलालउद्दीन ने भी इसी तरह के विचार व्यक्त किए। उनका कहना है कि भारत सरकार के इस फैसले से दुनिया भर के क्रिकेट प्रेमियों को निराशा हुई है।
पूर्व कप्तान राशिद लतीफ ने हालांकि कहा है कि भारत सरकार और वहां के मीडिया ने मुंबई पर हुए हमले में जिस तरह पाकिस्तान को सीधे तौर पर दोषी ठहराया है, उसे देखते हुए पाकिस्तान सरकार को ही श्रंखला रद्द करने की पहल करनी चाहिए थी।
लतीफ ने पाकिस्तानी क्रिकेटरों से कहा कि वे भारत में खेली जाने वाली इंडियन प्रीमियर लीग और इंडियन क्रिकेट लीग जैसी ट्वेंटी-20 प्रतियोगिताओं से नाता तोड़ लें।
पूर्व कप्तान जहीर अब्बास ने भी लतीफ का समर्थन करते हुए कहा कि पाकिस्तान सरकार को भारत के साथ खेल के स्तर पर पूरी तरह संबंध खत्म कर देना चाहिए।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।