चंडीगढ़ में आयोजित पंजाब गोल्ड कप हॉकी टूर्नामेंट के फाइनल में हॉलैंड के हाथों मिली 1-2 की हार की निराशा से उबरते हुए भारतीय कोच ने कहा, "हमने इस टूर्नामेंट से काफी कुछ सीखा है। हमने जाना है कि हम कहां-कहां गलतियां कर रहे हैं। पिछले दो सप्ताह में हमारे खेल में काफी सुधार आया है लेकिन विश्व चैंपियन बनने के लिए कई और क्षेत्रों में सुधार की गुंजाइश है। संतोष की बात यह है कि हम सही दिशा में बढ़ रहे हैं।"
कोच ने कहा कि भारतीय टीम के पास 2010 विश्व कप की तैयारियों के लिहाज से काफी वक्त है। उन्होंने कहा, "हमारे पास 2010 विश्व कप के लिहाज से काफी वक्त है। अगर हम इसी गति से सुधार करते रहे तो निश्चित तौर पर एक साल के बाद हम बहुत अच्छी स्थिति में होंगे।"
भारतीच कोच ने बताया कि बुधवार को टीम आस्ट्रेलिया के लिए रवाना हो रही है। वहां खेलने के बाद टीम 19 फरवरी को न्यूजीलैंड जाएगी। उन्होंने कहा, "हमारे लिए आने वाला वक्त व्यस्तता भरा होने के साथ-साथ सीखने के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण है। आस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में हमारे खिलाड़ियों को काफी कुछ सीखने को मिलेगा।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।