वार्न ने ब्रिटेन के समाचार पत्र 'संडे टाइम्स' से बातचीत के दौरान कहा, "अपने देश में आईपीएल जैसी किसी प्रतियोगिता में खेलने का सुख अलग है लेकिन अगर सम्मिलित रूप में देखा जाए तो आईपीएल में विश्व के सभी क्रिकेटरों को समाहित करने की क्षमता है। यह अप्रैल में खेला जाता है, उस समय दुनिया के किसी देश में घरेलू क्रिकेट नहीं हो रहा होता है। इस लिहाज से विश्व भर के खिलाड़ी इसमें खेल सकते हैं।"
वार्न मानते हैं कि आईपीएल के पहले संस्करण की सफलता को देखते हुए इसकी 'कॉपी' करने की जगह क्रिकेट बोर्डो को अपने खिलाड़ियों को आईपीएल में भेजने के बारे में सोचना चाहिए।
उन्होंने कहा, "आज की तारीख में आईपीएल क्रिकेट की दुनिया में सबसे बड़ा ब्रांड बन चुका है। इसकी 'कॉपी' नहीं की जा सकती, ऐसे में क्रिकेट बोर्डो को बेकार की मेहनत में नहीं पड़ते हुए अपने खिलाड़ियो को इसमें खेलने की इजाजत देनी चाहिए।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।