भारत ने तीन मैचों की टेस्ट श्रृंखला में न्यूजीलैंड को 1-0 से पराजित किया। वेलिंग्टन में खेला गया तीसरा मैच जीतकर भारतीय टीम अपनी जीत के अंतर को 2-0 कर सकती थी लेकिन बारिश के कारण वह ऐसा नहीं कर सकी।
इससे पहले खेली गई पांच मैचों की एकदिवसीय श्रृंखला में भारतीय टीम 3-1 से विजयी हुई थी। एक मैच रद्द हुआ था। दो मैचों की ट्वेंटी-20 श्रृंखला न्यूजीलैंड ने 2-0 से जीती थी।
भारत ने न्यूजीलैंड में 41 साल बाद पहली टेस्ट श्रृंखला जीती है। वर्ष 1968 मंसूर अली खान नवाब पटौदी की कप्तानी में भारतीय टीम ने मेजबान टीम को 3-1 से परााजित किया था।
पुरस्कार वितरण समारोह के बाद पत्रकारों से मुखातिब धौनी ने कहा, "हमारी सफलता सचमुच बड़ी है। हमने अपने अच्छे प्रदर्शन के दम पर भविष्य की टीमों के लिए एक पैमाना स्थापित किया है। आगे आने वाली टीमों पर अब इस कामयाबी को बनाए रखने का दबाव होगा।"
धौनी ने बारिश की आशंका के बावजूद पारी घोषित करने में देरी के अपने फैसले का बचाव किया। उन्होंने कहा, "तीसरा टेस्ट मैच नहीं जीत पाने का हमें मलाल है लेकिन मौसम के बारे में साफ-साफ कुछ नहीं कहा जा सकता। हम जानते थे कि दो दिनों के खेल के दौरान बारिश हो सकती है लेकिन इसे लेकर हम पूरी तरह आश्वस्त नहीं थे। हम किसी प्रकार का जोखिम नहीं मोल सकते थे।"
धौनी ने अपनी टीम के प्रदर्शन को सराहते हुए कहा कि वह संतुष्ट होकर स्वदेश लौटेंगे। उन्होंने कहा, "मेरी टीम के प्रत्येक सदस्य ने अपनी क्षमता के साथ न्याय किया। प्रत्येक बल्लेबाज ने रन बटोरे और सभी गेंदबाजों ने विकेट चटकाए। यह बेहद संतोषजनक स्थिति है।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।