पाकिस्तान के समाचार पत्र 'डेली टाइम्स' के मुताबिक यूसुफ द्वारा इस्तीफे का दावा किए जाने के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने उन्हें राष्ट्रीय टीम में दोबारा शामिल करने का आश्वासन दिया है।
पीसीबी ने हाल ही में घोषणा की थी कि वह यूसुफ समेत सभी बागी खिलाड़ियों से बातचीत करने के लिए तैयार है। पीसीबी मई के अंत में खिलाड़ियों से बात करेगा।
पत्र ने यूसुफ के हवाले से लिखा है, "मैंने लगभग डेढ़ महीने पहले पाकिस्तानी टीम के कप्तान यूनुस खान से बात की थी। इसी के बाद मैंने आईसीएल से इस्तीफा दे दिया था। मैंने यूनुस से कहा था कि मेरे लिए देश के लिए खेलना सर्वोपरि है और इसके लिए मैं किसी भी स्तर पर जाकर त्याग करने को तैयार हूं। देश जब भी चाहेगा, मैं सेवा के लिए उपलब्ध हूं।"
यूसुफ ने 2007 में दक्षिण अफ्रीका में खेले गए ट्वेंटी-20 विश्व के लिए राष्ट्रीय टीम में शामिल नहीं किए जाने से नाराज होकर आईसीएल का दामन थामा था। इस कारण वह 2008 में आयोजित इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के पहले संस्करण में भी नहीं खेल सके थे।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।