डीडीसीए के उपाध्यक्ष चेतन चौहान ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि पिच की तैयारियों में उनकी कोई बहुत बड़ी भूमिका नहीं होती। चौहान डीडीसीए की मैदान व पिच समिति के अध्यक्ष भी हैं।
उन्होंने कहा, "मेरी भूमिका पर्यवेक्षक की है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की पिच समिति की सलाह पर सब कुछ किया गया था। इसमें हमारी भूमिका ज्यादा नहीं है। हमने तो सिर्फ अपने कर्मचारियों से काम करवाया।"
उन्होंने कहा, "हम अपनी जिम्मेदारियों से भाग नहीं रहे हैं लेकिन हमने अपनी तरफ से कुछ भी नहीं किया है।"
डीडीसीए के अध्यक्ष अरुण जेटली ने कहा कि वह आरोप-प्रत्यारोप की शुरुआत करना नहीं चाहते हैं।
उन्होंने कहा, "हम कोई आरोप-प्रत्यारोप आरंभ नहीं कर रहे हैं। यह क्रिकेट का मसला है इसलिए हम बीसीसीआई के सलाह मश्विरे से ही आगे कुछ करेंगे। हम एक जिम्मेदार संस्था हैं और हमारा काम ऐसे मामलों को देखना है ताकि इसकी भविष्य में इसकी पुनरावृत्ति न हो।"
जेटली ने कहा कि उन्होंने इसे बेहद गंभीरता से लिया है और इस मामले में उचित कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा, "दर्शकों को हुई असुविधा के लिए हम खेद जताते हैं और संघ की तरफ से उनसे मैं माफी मांगता हूं।"
ज्ञात हो कि असामान्य उछाल लेती गेंदों के कारण श्रीलंकाई टीम ने मैच आगे खेलने से इंकार कर दिया था।
श्रीलंकाई टीम के कप्तान कुमार संगकारा ने पिच की असामान्य उछाल पर आपत्ति जताई थी। उन्होंने कहा था कि पिच की असामान्य उछाल से खिलाड़ियों को खतरा है। इसके बाद मैच रोक दिया गया। मैच रेफरी एलन हर्स्ट ने दोनों अंपायरों शाविर तारापोर और एम. इरास्मस तथा डीडीसीए के अधिकारियों के साथ पिच का निरीक्षण किया था।
मैच अधिकारियों, दोनों टीमों के अधिकारियों, डीडीसीए पदाधिकारियों और क्यूरेटर दलजीत सिंह के बीच हुई गहन मंत्रणा के बाद मैच को रद्द करने का फैसला किया गया।
इससे पहले श्रीलंका की पारी बुरी तरह लड़खड़ा गई। खेल रोके जाने तक उसने 23.3 ओवरों मेंपांच विकेट केवल 83 रन बनाए थे। भारत ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया था। कोहरे के कारण मैच 15 मिनट देरी से शुरू हुआ था। दो मैचों के प्रतिबंध के बाद इस मैच में कप्तान महेंद्र सिंह धौनी की वापसी हुई थी।
पिच की खराबी के कारण मैच रद्द होने के बाद डीडीसीए ने दर्शकों के पैसे वापस लौटाने का फैसला किया है।
जेटली ने एक बयान जारी कर कहा, "दर्शकों को हुई परेशानी के लिए हमें खेद है। इसके लिए डीडीसीए उनसे माफी मांगता है। जिन लोगों ने भी टिकट खरीदे हैं उनके पैसे वापस कर दिए जाएंगे। इस सिलसिले में विस्तृत जानकारी जल्द ही दी जाएगी।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
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