समाचार एजेंसी डीपीए के मुताबिक टोगो टीम को ले जा रही बस पर कुछ बंदूकधारियों ने शुक्रवार को हमला कर दिया जिसमें दो खिलाड़ियों सहित कई लोग घायल हो गए। कुछ खबरों के अनुसार इस हमले में बस चालक की मौत हो गई।
यह हमला उस समय हुआ जब बस कांगो से अंगोला में दाखिल हुई। बस में टोगो के फुटबाल खिलाड़ी और टीम के अधिकारी सवार थे। टोगो की फुटबाल टीम 'अफ्रीका कप ऑफ नेशंस' में शिरकत करने जा रही थी। यह टूर्नामेंट रविवार से आरंभ हो रहा है।
इस हमले की जिम्मेदारी 'लिबरेशन ऑफ द एनक्लेव ऑफ काबिंदा' (एफएलईसी)ने ली है। इस संगठन ने टूर्नामेंट के दौरान और हमलों को अंजाम देने की धमकी दी है। कांगो और अंगोला के सीमावर्ती क्षेत्र में कई सशत्र विद्रोही संगठन सक्रिय हैं और यह इलाका बेहद असुरक्षित माना जाता है।
टोगो टीम के स्ट्राइकर थॉमस डोसेवी ने कहा, "हमने जैसे ही सीमा पार की, तभी पुलिस की वर्दी में लोगों ने हमें चारो ओर से घेर लिया और अचानक गोलीबारी शुरू कर दी। उनके पास अत्याधुनिक हथियार थे और उन्होंने 20 मिनट तक गोलियां बरसाईं। हम लोग सीटों के नीचे छिप गए थे।"
टोगो के फुटबाल महासंघ के उपाध्यक्ष गैब्रिएल अमेयी ने हमले की पुष्टि करते हुए बताया कि छह लोग घायल हुए हैं। घायलों में टोगो के गोलकीपर ओबिलाले कोसी और डिफेंडर सर्जे अकापो शामिल हैं। अकापो के क्लब ने बताया कि उनके इस 22 वर्षीय खिलाड़ी को दो गोलियां लगी हैं हालांकि वह खतरे से बाहर हैं।
उधर, सीएएफ ने एक बयान जारी कर इस हमले की निंदा की है। सीएएफ के संचार निदेशक सुलेमान हबूबा ने कहा, "हमारी पहली प्राथमिकता खिलाड़ियों की सुरक्षा है लेकिन टूर्नामेंट आयोजित होगा।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।