खबर लिखे जाने तक भारतीय टीम ने दो विकेट खोकर 300 रन पूरे कर लिए थे। तेंदुलकर 119 गेंदों पर नौ चौकों की मदद से 89 रन बनाकर खेल रहे थे जबकि द्रविड़ ने 147 गेंदों पर नौ चौकों की मदद से 78 रन बनाए थे।
दोनों बल्लेबाजों के बीच तीसरे विकेट के लिए 154 रनों की साझेदारी हो चुकी है। भारत को 67 रनों की बढ़त मिल चुकी है। बांग्लादेश ने अपनी पहली पारी में 233 रन बनाए थे।
मैच के पहले दिन बिना कोई विकेट खोए 69 रन बनाने वाली भारतीय टीम ने दूसरे दिन सबसे पहले सहवाग का विकेट गंवाया, जो 63 गेंदों पर आठ चौकों की मदद से 58 रन बनाकर आउट हुए। सहवाग ने अपने करियर का 21वां अर्धशतक लगाया।
इसके बाद सभी की निगाहें गंभीर पर टिक गईं, जो धीरे-धीरे अपने शतक की ओर बढ़ते दिख रहे थे लेकिन ऐसा नहीं हो सका। गंभीर 83 गेंदों पर नौ चौकों की मदद से 68 रन बनाने के बाद आउट हो गए।
इस तरह वह 32 रनों के अंतर से लगातार छह मैचों में छह शतक लगाने के सर डॉन ब्रैडमैन के रिकार्ड की बराबरी करने से चूक गए। गंभीर के अलावा जैक्स कैलिस और मोहम्मद यूसुफ ने लगातार पांच शतक लगाए हैं।
सहवाग का विकेट 103 रन के कुल योग पर गिरा। सहवाग और गंभीर ने सातवीं बार टेस्ट मैचों में शतकीय साझेदारी निभाई। गंभीर 146 रन के कुल योग पर आउट हुए। इसके बाद तेंदुलकर और द्रविड़ ने भारत को कोई और नुकसान नहीं होने दिया। दोनों बल्लेबाज तीसरे विकेट के लिए 87 रनों की साझेदारी कर चुके हैं।
इससे पहले, बांग्लादेश की पहली पारी 233 रनों पर सिमट गई थी। बांग्लादेश की ओर से महमुदुल्लाह ने नाबाद 96 रन बनाए थे। भारत की ओर से ईशांत शर्मा ने चार और जहीर खान ने तीन विकेट चटकाए। प्रज्ञान ओझा को भी दो सफलता मिली।
भारत दो मैचों की इस श्रृंखला में 1-0 से आगे है। चटगांव में खेले गए पहले टेस्ट मैच में भारत ने बांग्लादेश को 113 रनोंे से हरा दिया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।