राष्ट्रमंडल खेल : राष्ट्रपति करेंगी आधिकारिक उद्घाटन (लीड-1)
ब्रिटेन के समाचार पत्र 'डेली मेल' के मुताबिक राष्ट्रमंडल खेलों के 44 वर्ष के इतिहास में पहली बार ऐसा होगा कि ब्रिटिश राजपरिवार को उद्घाटन की उद्घोषणा से महरूम किया जाएगा।
पत्र ने भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के एक उच्चाधिकारी के हवाले से इस खबर की पुष्टि की है। पत्र के मुताबिक इस संबंध में भारत सरकार और शाही परिवार के दफ्तर क्लेरेंस हाउस के बीच शनिवार को चर्चा हुई, जिसके माध्यम से यह बात सामने आई कि राष्ट्रपति ही खेलों का उद्घाटन करेंगी।
वर्ष 1966 में जमैका के किंग्सटन शहर में हुए पहले राष्ट्रमंडल खेलों से लेकर 2002 तक आमतौर पर इन खेलों का उद्घाटन ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय करती रहीं हैं लेकिन इस बार वह इसके लिए भारत नहीं जा रही हैं।
इसको देखते हुए राजकुमार चार्ल्स को राजपरिवार का प्रतिनिधित्व करने के लिए भारत भेजा जा रहा है लेकिन इसके बावजूद चार्ल्स दूसरे अन्य अतिविशिष्ठ अतिथियों की तरह उद्घाटन समारोह में हिस्सा लेंगे।
पत्र लिखता है कि इसे देखते हुए भारत सरकार और क्लेरेंस हाउस के बीच कूटनीति स्तर पर खींचतान हो सकती है। क्लेरेंस हाउस ने अब भी कहा है कि उद्घाटन का काम चार्ल्स ही करेंगे क्योंकि राष्ट्रमंडल देशों की प्रमुख महारानी का सबसे बड़ा वारिस होने के नाते उनका यह अधिकार बनता है।
पत्र ने भारतीय अधिकारी के हवाले से लिखा है, "शाही परिवार द्वारा उद्घाटन को लेकर कोई औपचारिक घोषणा नहीं हुई है। ऐसे में हमने यह शुभ काम राष्ट्रपति के हाथों कराने का फैसला किया है। अगर महारानी भारत जातीं तो फिर अलग बात थी लेकिन महारानी की गैरमौजूदगी में यह काम राष्ट्रपति को ही शोभा देता है।"
दूसरी ओर, क्लेरेंस हाउस के प्रवक्ता ने कहा, "महारानी ने चार्ल्स से कहा है कि वह उनकी जगह भारत जाएं और वही जिम्मेदारी निभाएं, जो राष्ट्रमंडल खेलों के लिहाज से वह निभाया करती आ रही हैं। महारानी के मुताबिक अगर वह भारत जातीं तो वही खेलों का उद्घाटन करतीं लेकिन उनकी गैरमौजूदगी में चार्ल्स को यह अधिकार मिलता है।"
महारानी ने व्यस्त कार्यक्रम के कारण भारत जाने से इंकार कर दिया है। ऐसे में चार्ल्स ब्रिटिश राजपरिवार की अगुआई करेंगे। उद्घाटन के विवाद को लेकर अगर चार्ल्स जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आगामी रविवार को होने वाले समारोह में हिस्सा नहीं लेते हैं तो यह 44 वर्ष से चली आ रही एक परंपरा का अंत होगा।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
- Male
- Female
- Others
- Under 18
- 18 to 25
- 26 to 35
- 36 to 45
- 45 to 55
- 55+


Click it and Unblock the Notifications
