शुक्र है वित्त मंत्री की थैली खुलने से पहले स्कालरशिप मिल गई..संधू
नई दिल्ली 29 नवंबर .वार्ता. राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार विजेता मानवजीत सिंह संधू ने आज कहा कि निशानेबाजी में इस बार भारत का पलड़ा भारी है और उम्मीद है कि निशानेबाज पेइचिंग में पदकों पर निशाना लगाकर स्वदेश लौटेंगे1 .सैमसंग आेलंपिक रत्न. चुने गये संधू ने माना कि आेलंपिक जैसी विश्व प्रतियोगिता के लिए प्रायोजकों का आगे आना बहुत अहम है1 उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा.. शुक्र है वित्त मंत्री की थैली खुलने से पहले ही हमें सैमसंग की स्कालरशिप मिल गई1.. 2006 में विश्व निशानेबाजी चैंपियनशिप का स्वर्ण जीतने वाले संधू ने कहा कि आेलंपिक खेलों के लिए अब एक साल से भी कम समय रह गया है1 निशानेबाजों के लिए अच्छी बात ये हैं कि क्वालीफ्ाइंग दौर हो गये हैं और उनका ध्यान अब सिर्फ् पेइचिंग पर है1 वर्ष 2001 में राजीव गांधी खेल रत्न जीतने वाले और पहले विश्व चैंपियन निशानेबाज अभिनव बिंद्रा ने इस मौके पर कहा कि हर एथलीट करियर में एक बार आेलंपिक दल का हिस्सा बनने का ख्वाब देखता है और इस सपने के पूरा होने के बाद उसकी हसरत अपने देश के लिए पदक जीतने की होती है1 आेलंपिक की अहमियत के बारे में उन्होंने कहा.. मेरे विचार से विश्व चैंपियनशिप और आेलंपिक में काफ्ी फ्र्क है1 विश्व चैंपियनशिप में मुकाबला शीर्ष खिलाड़ियों से होता है और प्रतिनिधित्व कम देशों का होता है. जबकि आेलंपिक में ऐसा नहीं है1 हर दौर में मुकाबला टक्कर का और रोमांच से भरपूर होता है1 जरा सी चूक और आपके पास वापसी का मौका नहीं रहता1..उप्रेती पार्थिव लखमी161
जारी वार्ता
- Male
- Female
- Others
- Under 18
- 18 to 25
- 26 to 35
- 36 to 45
- 45 to 55
- 55+


Click it and Unblock the Notifications