क्वांगचो (चीन)। चीन के दक्षिण शहर क्वांगचो में 'रोमांचक खेल, सामंजस्य पूर्ण एशिया' के रूप में 16वें एशियाई खेलों का शुक्रवार को भव्य तरीके से शुभारंभ हुआ। खेलों के इतिहास में यह पहला मौका है जब स्टेडियम के बजाए नदी के द्वीप पर इसका उद्घाटन सामारोह आयोजित हुआ।
उद्घाटन समारोह की विशेषताएं यह थी कि इस बार इसका आयोजन लीक से हटते हुए पर्ल नदी की सप्तरंगी लहरों पर किया गया। इस दौरान 45 देशों के खिलाड़ी और अधिकारी नाव से पर्ल नदी को पार करते हुए आयोजन स्थल पर पहुंचे। इससे पहले चीन ने दो वर्ष पहले 2008 में बीजिंग ओलंपिक खेलों का भव्य उद्घाटन समारोह से समूचे विश्व को अपना मुरीद बनाया था और उसके दो वर्ष बाद एक बार फिर दुनिया को अचंभित कर दिया।
ओलंपिक के बाद इस सबसे बड़े खेल आयोजन में रिकॉर्ड 9704 खिलाड़ी समेत 5000 अधिकारी हिस्सा ले रहे हैं। फूलों के नाम से मशहूर क्वांगचो में समारोह की शुरुआत भव्य आतिशबाजी के साथ हुई। पानी की लहरों, विशाल स्क्रिन पर तकनकी के अद्भुत प्रदर्शन ने उद्घाटन समारोह को यादगार बना दिया।
चीनी कलाकारों ने पानी के अंदर लयबद्ध तैराकी और पानी के लहरों पर शानदार प्रदर्शन किया। इस दौरान अधिकारी और खिलाड़ी 'व्हाइट स्वान बे' से नाव पर सवार होकर परेड में निकले। नाव से 77 मिनट की सवारी के दौरान प्रतिभागियों और अधिकारियों को न केवल द्वीप का खूबसूरत नजारा देखने को मिला बल्कि क्वांगचो की संस्कृति और नदी के किनारे अनोखी जीवन शैली को समझने का भी मौका मिला।
पर्ल नदी पर अधिकारियों और खिलाड़ियों के परेड में प्राकृतिक और शहरी जीवन की झलक मिली। वाद्य यंत्रों की गुंज, शेर नृत्य, क्वांगचो शहर की शिगूयान संस्कृति, स्थानीय शादी में निभाए जाने वाले रीति-रिवाज, चित्रकला के नमूने देखने को मिले। इस बार चीन ने एशियाई खेलों में 977 खिलाड़ियों और प्रतिनिधियों का भारी भरकम दल उतारा है। उल्लेखनीय है कि क्वांगचो में 12 से 27 नवंबर तक एशियाई खेलों का आयोजन होना है। इस दौरान 42 खेल स्पर्धाएं आयोजित की जाएंगी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।