दिन की समाप्ति तक विकेटकीपर बल्लेबाज मैट प्रायर 54 और गेंदबाजी में अपना कमाल दिखाने वाले टिम ब्रेसनन खाता खोले बगैर नाबाद लौटे। प्रायर ने एशेज में पहला शतक लगाने वाले बेल के साथ सातवें विकेट के लिए 107 रनों की साझेदारी निभाकर इंग्लैंड को पहली पारी में सात विकेट पर 488 रन बनाने में मदद की। प्रायर ने अपनी 59 गेंदों की पारी में पांच चौके और एक छक्का लगाया है।
इस श्रृंखला में बड़ी पारी खेलने का इंतजार कर रहे बेल ने 232 गेंदों का सामना करते हुए 13 चौके लगाए और छठे विकेट के लिए कुक के साथ 154 रन जोड़े। कुक ने 342 गेंदों की अपनी मैराथन पारी में 16 चौके लगाए। कुक दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक 61 रन पर नाबाद लौटे थे। कुक अब इस श्रृंखला में 700 से अधिक रन बटोर चुके हैं। उनके खाते में तीन शतक और दो अर्धशतक दर्ज हैं।
कुक के अलावा जेम्स एंडरसन दूसरे दिन के नाबाद बल्लेबाज थे। एंडरसन एक रन पर नाबाद लौटे थे। तीसरे दिन एंडरसन नाइटवॉटमैन की अपनी भूमिका को अंजाम देते हुए सात रन बनाकर पेवेलियन लौटे। इसके बाद इंग्लैंड ने पॉल कोलिंगवुड का भी विकेट सस्ते में गंवा दिया। कोलिंगवुड 13 रन बना सके।
इस टेस्ट से पहले कोलिंगवुड ने कहा था कि अगर वह सिडनी में नाकाम रहे तो यह उनका आखिरी टेस्ट मैच होगा। कोलिंगवुड के मुताबिक वह अपने करियर को बेकार में लम्बा नहीं खींचना चाहते और टेस्ट मैचों से संन्यास लेकर ट्वेंटी-20 और एकदिवसीय मैचों पर अपना ध्यान केंद्रित करना चाहते हैं। देखना यह है कि कोलिंगवुड अपने टेस्ट करियर को लेकर क्या फैसला करते हैं?
दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक मैच का पलड़ा लगभग बराबरी पर था। आस्ट्रेलिया की टीम जहां दूसरे दिन अपनी पहली पारी में 280 रनों पर सिमट गई थी वहीं इंग्लिश टीम ने दिन की समाप्ति तक 167 रनों पर अपने तीन प्रमुख विकेट गंवा दिए थे।
इंग्लैंड ने दूसरे दिन सलामी बल्लेबाज और कप्तान एंड्रयू स्ट्रॉस (60), जोनाथन ट्राट (0) और केविन पीटरसन (31) के विकेट गंवाए थे। कुक और स्ट्रॉस ने पहले विकेट के लिए 98 रनों की साझेदारी निभाकर शानदार आधार तैयार किया था।आस्ट्रेलिया की ओर से मिशेल जानसन ने तीन विकेट झटके हैं जबकि बेन हिल्फेनहास, शेन वाटसन, अपना पहला टेस्ट खेल रहे माइकल बीयर और पीटर सिडल को एक-एक सफलता मिली।
पांच मैचों की श्रृंखला में मेहमान टीम 2-1 से आगे चल रही है। उसने एडिलेड और मेलबर्न में खेले गए दूसरे और चौथे टेस्ट मैच में पारी के अंतर से जीत हासिल की थी जबकि आस्ट्रेलिया ने पर्थ टेस्ट भारी अंतर से जीता था। ब्रिस्बेन टेस्ट बराबरी पर छूटा था। सिडनी में आस्ट्रेलिया का रिकार्ड शानदार रहा है। उसने 1996 के बाद से इस मैदान पर कुल 16 टेस्ट खेले हैं, जिनमें से 14 में उसकी जीत हुई है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।