स्विस टेनिस लीजेंड रोजर फेडरर का करियर काफी शानदार रहा है। बेसल, स्विट्जरलैंड में जन्मे, उन्होंने तीन साल की उम्र में मुंछेंस्टीन में टेनिस खेलना शुरू कर दिया था। खेल के प्रति उनके माता-पिता के जुनून ने उनकी शुरुआती रुचि को काफी प्रभावित किया।

| Season | Event | Rank |
|---|---|---|
| 2012 | Men Singles | S रजत |
| 2012 | Men Doubles | 9 |
| 2008 | Men Doubles | G स्वर्ण |
| 2008 | Men Singles | 5 |
| 2004 | Men Doubles | 9 |
| 2004 | Men Singles | 17 |
| 2000 | Men Singles | 4 |
फेडरर ने कई मील के पत्थर हासिल किए हैं। जनवरी 2016 में, वह ओपन युग में 300 ग्रैंड स्लैम मैच जीतने वाले पहले पुरुष टेनिस खिलाड़ी बने। वह 15 ग्रैंड स्लैम एकल खिताब जीतने वाले पहले खिलाड़ी भी थे और 300 हफ़्ते से अधिक समय तक विश्व के नंबर एक खिलाड़ी रहे।
फेडरर दाएं हाथ के खिलाड़ी हैं और 2015 से सेवरिन लूथी और इवान लजुबिकिक ने उन्हें कोच किया है। कोर्ट पर अपनी बहुमुखी प्रतिभा के लिए जाने जाते हैं, उन्होंने "फेड एक्सप्रेस" और "स्विस मास्ट्रो" जैसे उपनाम अर्जित किए हैं।
फेडरर का करियर बिना किसी झटके के नहीं रहा। वह पीठ की समस्या के कारण 2016 के फ्रेंच ओपन से हट गए, जिससे 65 लगातार ग्रैंड स्लैम उपस्थितियों की लड़ी समाप्त हो गई। जनवरी 2016 में, उन्होंने मेलबर्न में अपने मेनिसकस को फाड़ दिया और सर्जरी करवाई। उन्हें पीठ में ऐंठन भी आई जो 2014 और 2012 में उन्हें टूर्नामेंट से हटने के लिए मजबूर कर गई।
फेडरर को कई पुरस्कार मिले हैं। उन्हें कई बार स्विस पुरुष एथलीट ऑफ द ईयर नामित किया गया और 2014 में उन्हें यूएस ओपन स्पोर्ट्समैनशिप अवार्ड मिला। उन्होंने कई बार स्टीफन एडबर्ग स्पोर्ट्समैनशिप अवार्ड भी जीता और 2004 से 2007 तक उन्हें लॉरियस वर्ल्ड स्पोर्ट्समैन ऑफ द ईयर नामित किया गया।
फेडरर का खेल दर्शन उनके आदर्श वाक्य में सन्निहित है: "महत्वपूर्ण होना अच्छा है, लेकिन अच्छा होना और भी महत्वपूर्ण है।" उनके आदर्शों में बोरिस बेकर, स्टीफन एडबर्ग और पेट सैम्परेस शामिल हैं।
टेनिस फेडरर के परिवार में है। उनकी बहन डायना स्विट्जरलैंड में शीर्ष जूनियर खिलाड़ी थीं। उनकी पत्नी मिर्का भी WTA टूर पर एक पूर्व पेशेवर खिलाड़ी हैं।
आगे देखते हुए, फेडरर का लक्ष्य विभिन्न पहलों के माध्यम से टेनिस में योगदान देना जारी रखना है। 2003 में स्थापित उनकी रोजर फेडरर फाउंडेशन, दक्षिण अफ्रीका में वंचित बच्चों का समर्थन करती है और युवा लोगों के बीच खेल को बढ़ावा देती है।
फेडरर की विरासत केवल उनके रिकॉर्ड के बारे में नहीं है बल्कि उनके खेल भावना और कोर्ट के बाहर के योगदान के बारे में भी है। उनका सफ़र दुनिया भर के कई लोगों को प्रेरित करता रहता है।