टोकियो में 2020 के पैरालंपिक खेलों में, वह पैरालंपिक पदक जीतने वाली सबसे उम्रदराज मोरक्कन एथलीट बन गईं। उन्होंने 41 साल और 242 दिन की उम्र में महिलाओं की F34 शॉट पुट में कांस्य पदक जीता। यह उपलब्धि उनके करियर में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर थी।

| Season | Event | Rank |
|---|---|---|
| 2020 | Shot Put - F34 | B कांस्य |
| 2016 | Shot Put - F34 | 4 |
| 2020 | Javelin Throw - F34 | 6 |
| 2016 | Javelin Throw - F34 | 8 |
उनके सबसे यादगार क्षणों में से एक संयुक्त अरब अमीरात के दुबई में 2019 विश्व चैंपियनशिप में F34 शॉट पुट में रजत पदक जीतना था। यह उपलब्धि उनके खेल करियर में एक उल्लेखनीय उपलब्धि है।
आगे देखते हुए, उनका लक्ष्य पेरिस में 2024 के पैरालंपिक खेलों में प्रतिस्पर्धा करना है। यह लक्ष्य उनके खेल के प्रति निरंतर समर्पण और प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
वह अरबी बोलती हैं और मोरक्को में क्लब ओलंपिक डी साफी से जुड़ी हैं। उनके शौक में तैराकी शामिल है, जिसका आनंद उन्हें अपने दोस्तों द्वारा प्रोत्साहित किए जाने के बाद से लिया जा रहा है।
दोस्तों से प्रेरित होने से लेकर पैरालंपिक पदक विजेता बनने तक की उनकी यात्रा उनके दृढ़ संकल्प और एथलेटिक्स के प्रति जुनून को दर्शाती है। जैसे ही वह पेरिस 2024 पर अपनी नज़रें गड़ाए हुए हैं, वह कई महत्वाकांक्षी एथलीटों के लिए प्रेरणा बनी हुई हैं।