हान चान, एक एथलीट और ऑफिस वर्कर, पैरा जूडो की दुनिया में तहलका मचा रही हैं। 1 अप्रैल 2016 को जन्मी, उन्होंने 13 साल की उम्र में जूडो शुरू किया और जापान के इबाराकी में स्थित त्सुकुबा यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी में प्रवेश करने के बाद पैरा जूडो में चली गईं। उनके भाई ने उन्हें इस खेल को आजमाने के लिए प्रेरित किया।

| Season | Event | Rank |
|---|---|---|
| 2020 | Women's 48kg | 5 |
| 2016 | Women's 48kg | 5 |
| 2012 | Women's 52kg | 7 |
-52 किग्रा वर्ग में प्रतिस्पर्धा करने के बाद, हान ने -48 किग्रा वर्ग में जाने का फैसला किया। उन्होंने कहा, "मैंने दुनिया में नंबर वन बनने के लक्ष्य के साथ -48 किग्रा वर्ग में प्रतिस्पर्धा करने का फैसला किया, क्योंकि मेरे पास मांसपेशियों की शक्ति नहीं है, लेकिन मुझे अपनी सहनशक्ति की क्षमता पर भरोसा है।"
हान चान जापानी जूडोका तोमोको फुकुमी को अपनी हीरो मानती हैं। वह कोच इसोया इनोए और जापानी जूडोका नोया ओगावा से भी प्रभावित हुई हैं। उनके व्यक्तिगत दर्शन दो सवालों से निर्देशित हैं: "मैं अपना प्रयास कहाँ लगा रहा हूँ?" और "मैं किस दिशा में आगे बढ़ रहा हूँ?"
जूडो के अलावा, हान को पढ़ना, खाना बनाना और पहाड़ों पर चढ़ना पसंद है। ये शौक उन्हें एक संतुलित जीवन शैली प्रदान करते हैं और उन्हें अपने एथलेटिक लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित करने में मदद करते हैं।
आगे देखते हुए, हान चान का लक्ष्य पैरा जूडो के उच्चतम स्तरों पर प्रतिस्पर्धा करना जारी रखना है। वह अपने कौशल को बेहतर बनाने और -48 किग्रा वर्ग में दुनिया में नंबर वन बनने के अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
पैरा जूडो में हान चान की यात्रा उनके समर्पण और दृढ़ता का प्रमाण है। अपने मजबूत प्रभावों और स्पष्ट दर्शन के साथ, वह अपने खेल में महत्वपूर्ण प्रगति करती रहती हैं।