डरबन टेस्ट : गेंदबाजों ने दिया करारा जवाब, भारत को बढ़त (राउंडअप)
भारतीय टीम को पहली पारी के आधार पर 74 रनों की महत्वपूर्ण बढ़त मिली थी। भारत ने पहली पारी में 205 रन बनाए थे।
दिन का खेल खत्म होने तक वी.वी.एस.लक्ष्मण (23) और चेतेश्वर पुजारा (10) नाबाद रहे। लक्ष्मण ने 59 गेंदों पर चार चौके लगाए हैं जबकि पुजारा ने 51 गेंदों पर एक चौका लगाया है। इन दोनों बल्लेबाजों के बीच पांचवें विकेट के लिए अब तक 36 रनों की साझेदारी हो चुकी है।
भारत ने वीरेंद्र सहवाग (32 रन) की तेज पारी की बदौलत अपनी दूसरी पारी की शुरुआत अच्छी की थी लेकिन 42 रन के कुल योग पर सहवाग के पेवेलियन लौटने के साथ उसकी बदकिस्मती का दौर शुरू हो गया। उसने 44 के कुल योग पर मुरली विजय (9) और 48 के कुल योग पर राहुल द्रविड़ (2) का विकेट गंवाया। तेंदुलकर का विकेट 56 के कुल योग पर गिरा। उन्होंने छह रन बनाए।
भारत को मामूली योग पर समेटने के बाद मेजबान टीम का भी वही हश्र हुआ, जो मेहमानों का हुआ था। इस तरह भज्जी की फिरकी और जहीर की चपलता की जाल में फंसी मेजबान टीम भारत से पहली पारी की तुलना में 74 रन पीछे रह गई।
मेजबान टीम की ओर से हाशिम अमला ने सर्वाधिक 33 रन बनाए जबकि एल्वीरो पीटरसन ने 24 रनों का योगदान दिया। उसके पांच बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा भी नहीं पार कर सके और पूरी टीम पहली पारी में 131 रनों पर ढेर हो गई।
कप्तान ग्रीम स्मिथ ने 9, जैक्स कैलिस ने 10, अब्राहम डिविलयर्स ने 0, एश्वेल प्रिंस ने 13, डेल स्टेन ने 1, पॉल हैरिस ने 0, मोर्न मोर्कल ने 10, और लोनावाबो त्सोस्तोबे ने 0 रन बनाए। मार्क बाउचर 16 रन बनाकर नाबाद लौटे।
भारत की ओर से शांताकुमारन श्रीसंत और ईशांत शर्मा ने एक-एक विकेट झटके। हरभजन की गेंद पर स्टेन का कैच लपकने के साथ ही भारत के स्टार बल्लेबाज राहुल द्रविड़ ने अपने कुल कैचों की संख्या 200 पहुंचा दी। डरबन टेस्ट से पहले द्रविड़ ने 199 कैच लपके थे।
डरबन टेस्ट में द्रविड़ ने स्टेन का कैच लपकने के साथ 200 कैचों का जादुई आंकड़ा छुआ। टेस्ट मैचों में सर्वाधिक कैच लपकने का रिकार्ड द्रविड़ के नाम है। द्रविड़ ने एकदिवसीय मैचों में भी 196 कैच लपके हैं। द्रविड़ ने 149वां टेस्ट मैच खेलते हुए 200वां टेस्ट कैच लपका जबकि 339 एकदिवसीय मैचों में उनके नाम 196 कैच दर्ज हैं।
यही नहीं, द्रविड़ ने बतौर विकेटकीपर विकेट के पीछे 14 स्टंपिंग भी किए हैं। टेस्ट मैचों में सर्वाधिक कैच लपकने की सूची में आस्ट्रेलिया के मार्क वॉ दूसरे स्थान पर हैं। मार्क के नाम 181 कैच दर्ज हैं। द्रविड़ ने 2004-05 में खेली गई गावस्कर-बार्डर श्रृंखला के दौरान चार टेस्ट मैचों में 13 कैच लपके थे। किसी एक श्रृंखला में सर्वाधिक कैच लपकने के मामले में द्रविड़ तीसरे स्थान पर हैं।
भारत की पहली पारी 205 रनों पर सिमट गई थी। भारत के अंतिम चार बल्लेबाज 22 रन जोड़कर पेवेलियन लौट गए। पहले दिन का खेल खत्म होने तक भारत ने छह विकेट पर 183 रन बनाए थे।
पहले दिन 20 रन पर नाबाद लौटने वाले कप्तान महेंद्र सिंह धौनी 35 रन बनाकर आउट हुए जबकि हरभजन ने 21 रन बनाए। हरभजन पहले दिन 15 रन पर नाबाद लौट थे।
दूसरे दिन भारत ने हरभजन और धौनी के अलावा जहीर खान (0) तथा शांताकुमारन श्रीसंत (0) के विकेट गंवाए। भारत ने पहले दिन वीरेंद्र सहवाग (25), मुरली विजय (19), राहुल द्रविड़ (25), सचिन तेंदुलकर (13), वी.वी.एस. लक्ष्मण (38) और चेतेश्वर पुजारा (19) के विकेट गंवाए थे।
दक्षिण अफ्रीका की ओर से तेज गेंदबाज डेल स्टेन ने 50 रन देकर छह विकेट लिए जबकि लोनाबो त्सोत्सोबे और मोर्न मोर्कल के खाते में दो-दो विकेट आए। तीन मैचों की श्रृंखला में मेजबान टीम 1-0 की बढ़त बनाए हुए है। उसने सेंचुरियन में खेले गए पहले मुकाबले में भारत को पारी के अंतर और 25 रनों से पराजित किया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
- Male
- Female
- Others
- Under 18
- 18 to 25
- 26 to 35
- 36 to 45
- 45 to 55
- 55+


Click it and Unblock the Notifications