ओलंपिक में 81 खिलाड़ियों को 1.21 अरब लोगों की ओर से गुड लक
बीजिंग में भारत ने तीन पदक जीते थे, जिनमें एक स्वर्ण पदक था, जो अभिनव बिंद्रा ने जीता था। एक कांस्य मुक्केबाज विजेंदर सिंह और एक कांस्य पहलवान सुशील कुमार ने जीता था। इस बार भारत को सबसे ज्यादा उम्मीदें अगर हैं तो वो हैं तिरंदाज़ी, निशानेबाज़ी, कुश्ती, मुक्केबाज़ी और बैडमिंटन में।
महिला एकल बैडमिंटन में सायना नेहवाल को पदक का प्रबल दावेदार माना जा रहा है। फिलहाल सायना दुनिया की पांचवें नंबर की खिलाड़ी हैं, लेकिन पिछले दिनों बेहतरीन प्रदर्शन कर उन्होंने चीन की शीर्ष खिलाड़ियों को हराया था।
मुक्केबाज़ी में विजेंदर सिंह का कोई जवाब नहीं है। उनके साथ आठ मुक्केबाज खेलगांव गये हैं। महिला मु्क्केबाजों में सबसे मज़बूत दावा एमसी मैरीकॉम का होगा। पांच बार की विश्व चैंपियन रहीं मैरीकॉम 51 किलोग्राम में खेल रही हैं। उन्हें पदक के लिये सिर्फ दो जीत दर्ज करनी होंगी।
कुश्ती में सुशील कुमार और योगेश्वर दत्त पदक के सबसे बड़े दावेदार माने जा रहे हैं। महिला पहलवानों में भारत की ओर से पहली बार गीता फौगाट प्रतिभाग कर रही हैं।
तीरंदाजी में दीपिका कुमारी इस समय विश्व की नंबर-1 तीरंदाज है। ओलंपिक से ठीक पहले उन्होंने विश्व स्तर पर स्वर्ण पदक जीता है। 18 वर्षीय दीपिका ने लंदन में मीडिया से कहा कि तीरंदाजी में मेडल की ज़रुरत हैं और अगर वो मैडल नहीं जीत सकीं तो उनके शीर्ष पर होने का कोई फायदा नहीं।
निशानेबाजी में अभिनव बिंद्रा का अनुभव एक बार फिर उन्हें पदक की ओर ले जाता दिख रहा है। उनके अलावा एयर राईफल स्पर्धा में गगन नारंग और ट्रैप शूटिंग में रोंजन सिंह सोढी पदक के प्रबल दावेदार दिख रहे हैं।
- Male
- Female
- Others
- Under 18
- 18 to 25
- 26 to 35
- 36 to 45
- 45 to 55
- 55+


Click it and Unblock the Notifications
