बांग्लादेश में चल रही त्रिकोणीय श्रृंखला में श्रीलंका ने भारत को पाँच विकेट से हरा दिया है.
भारत ने पहले बल्लेबाज़ी करते हुए निर्धारित 50 ओवरों में 279 रन बनाए थे लेकिन श्रीलंका ने 48 ओवरों में ही पाँच विकेट गँवाकर मैच जीत लिया.
श्रीलंका की जीत में समरवीरा के शानदार नाबाद शतक ने अहम भूमिका निभाई. उन्हें मैन ऑफ़ द मैच भी चुना गया.
समरवीरा के साथ साझेदारी में परेरा ने 15 गेंदों में 36 रनों की अच्छी पारी खेली. वे भी नाबाद रहे.
इससे पहले संगकारा हरभजन सिंह की गेंद पर रैना के हाथों कैच आउट होने से पहले 80 गेंदों में 60 रनों की अच्छी पारी खेल गए थे.
श्रीलंका की पारी
टॉस जीतने के बाद श्रीलंका ने भारत को पहले बल्लेबाज़ी करने को कहा था और भारत की पारी के बाद श्रीलंका की शुरुआत बहुत अच्छी नहीं रही.
थिरिमाने के रुप में जब पहला विकेट गिरा तो नौंवां ओवर चल रहा था और टीम का स्कोर 48 रन था. दूसरा विकेट थरंगा के रुप में सोलहवें ओवर में गिरा. तब टीम का स्कोर 77 रन था.
लेकिन संगकारा और समरवीरा के बीच तीसरे विकेट की साझेदारी में टीम का स्कोर 199 रनों तक जा पहुँचा और जब संगकारा पेवेलियन लौटे तो सैतीसवाँ ओवर चल रहा था.
भारतीय पारी
भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही और गौतम गंभीर मात्र आठ रन बनाकर ही आउट हो गए. इसके बाद विराट कोहली भी जल्दी ही आउट हो गए.
हालांकि दूसरे छोर पर वीरेंदर सहवाग टिके रहे और उन्होंने आउट होने से पहले 31 गेंदों में 47 रन बनाए.
एक समय भारत का स्कोर 71 रनों पर तीन विकेट था लेकिन उसके बाद चौथे विकेट की साझेदारी में 99 रन बने. चौथे विकेट के लिए ये रन युवराज सिंह और कप्तान धोनी ने जोड़े.
युवराज सिंह ने 84 गेंदों में शानदार 74 रन बनाए. युवराज सिंह तेज़ रन बनाने की कोशिश करते हुए बाऊंड्री के पास कैच आउट हुए.
कप्तान धोनी ने 37 रन बनाए और उन्होंने पेरेरा ने विकेटकीपर के हाथों कैच कराया.
इस साझेदारी के टूटने के बाद मैदान पर आए रैना ने तेज़ रन बनाए लेकिन वो जल्दी ही आउट हो गए.
आउट होने से पहले रैना ने 34 गेंदों में 39 रन बनाए.
निर्धारित पचास ओवरों में भारत ने नौ विकेट खोकर 279 रन बनाए.
श्रीलंका की तरफ से वेलेगेदारा ने 66 रन देकर पाँच विकेट लिए जबकि थुसारा और पेरेरा को दो दो विकेट मिले.