नई दिल्ली। हार्दिक पांड्या और केएल राहुल को ऑस्ट्रेलिया से वापस बुला लिया गया है। दोनों ही खिलाड़ियों को जांच प्रक्रिया से गुजरना होगा। जांच पूरी होने तक ये खिलाड़ी क्रिकेट से निलंबित रहेंगे। अब ऐसे में बड़ा सवाल ये उभरकर आया है कि ये जांच कब तक समाप्त हो जाएगी। ये मामला इसलिए भी थोड़ा उलझा हुआ लग रहा है क्योंकि इस मसले पर एक बार फिर से सीओए के सदस्यों की राय अलग-अलग है।
बता दें कि सीओए के प्रमुख विनोद राय चाहते हैं कि मामले की जांच तेजी से खत्म हो जाए ताकि भारतीय टीम को जल्द ही अपना परफेक्ट टीम संयोजन मिल सके। राय इस मामले को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 15 जनवरी को होने वाले दूसरे वन डे मैच से पहले ही निपटाना चाहते थे। जबकि इस मसले पर सीओए की एक अन्य सदस्य डायना इडुल्जी ने कहा है कि हमको इस मामले पर जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए क्योंकि ऐसा करने से लीपापोती करने का गलत संदेश दुनिया में जा सकता है। इडुल्जी ने यह भी कहा है कि इस मामले को राहुल जौहरी के द्वारा जांचने का भी संदेश गलत ही जाएगा क्योंकि जौहरी पर खुद यौन शोषण के आरोप लग चुके हैं।
ऐसे में ये बड़ा सवाल उभरकर आया है कि दोनों खिलाड़ियों पर होने वाली जांच के लिए बीसीसीआई कब तक अंतिम फैसला लेता है। फिलहाल इतना तो तय लग रहा है कि दोनों खिलाड़ियों को न्यूजीलैंड दौरे से भी हाथ धोना पड़ेगा। इतना ही नहीं 23 मार्च को शुरू होने जा रहे आईपीएल के लिए भी इन दोनों उभरते खिलाड़ियों पर संकट के बादल छा गए हैं। बात दें कि अखिल भारतीय चयन समिति ने हार्दिक पांड्या के विकल्प के तौर पर टीम इंडिया में विजय शंकर को शामिल किया है। शंकर एडिलेड में होने वाले दूसरे वन डे मैच से पहले टीम को ज्वाइन कर लेंगे। जबकि पंजाब के खिलाड़ी शुभमन गिल को न्यूजीलैंड दौरे के लिए शामिल किया गया है।