नई दिल्ली। भारत में इस समय आईपीएल उफान पर है और आठ टीमें ट्रॉफी उठाने के लिए दिन-रात पसीने बहा रही हैं। खास बात यह है कि इस लीग में जितना पैसा है उतना ही ज्यादा दबाव भी बढ़ चुका है। टीमों के कोच इस बात को महसूस कर रहे हैं। इसका कारण यह है कि फ्रैंचाइजी मालिकों ने साफ तौर पर कोचिंग स्टाफ से बेहतरीन प्रदर्शन के लिए दबाव बढ़ा दिया है।
इस बारे में अपनी राय रखते हुए आईपीएल के पुराने खिलाड़ी ब्रैड हॉज ने कहा है कि आईपीएल में गला-काट प्रतियोगिता है। ऐसे में यदि एक कोच अपनी टीम को फाइनल में नहीं पहुंचाता है तो उसको अपना बोरिया-बिस्तर बांधकर आईपीएल से निकलने के लिए तैयार रहना चाहिए। हॉज इससे पहले ना केवल आईपीएल में एक खिलाड़ी की हैसियत से खेल चुके हैं बल्कि वे इस लीग में कोचिंग भी दे चुके हैं। उन्होंने गुजरात लॉयन्स और किंग्स इलेवन पंजाब जैसी टीमों को कोचिंग दी है।
हॉज ने साफ कहा है कि एक कोच का कद आईपीएल में उसकी टीम के द्वारा जीती गई ट्रॉफी से तय होता है। इस दौरान हॉज ने यह भी बताया कि चेन्नई सुपर किंग्स और मुंबई इंडियंस की सफलता का राज खुद पर विश्वास करना और दूरदर्शी सोच का नतीजा है जो कुछ हद तक अन्य टीमों के पास नहीं है।
हॉज ने अब किंग्स इलेवन की टीम ने अपना नाता तोड़ लिया है और वे कैरेबियन प्रीमियर लीग में कोचिंग सेवाएं दे रहे हैं। वैसे आपको बता दें पंजाब के लिए इस सीजन की शुरुआत संतोषजनक रही है और उन्होंने इस साल अपने शुरुआती पांच मुकाबलों में तीन में जीत हासिल की है। फिलहाल आईपीएल इस सीजन में लंबा समय बाकी है और कोई भी टीम अभी प्लेऑफ में जाने के लिए अपनी जगह पक्की नहीं कर रही है।