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क्या है बुमराह के 'स्प्रिंग रबर स्टम्प' का राज ? कौन हैं कोहली के थ्री मस्केटियर्स ?

By अशोक कुमार शर्मा

नई दिल्ली: भारत-अफगानिस्तान का मैच विश्वकप 2019 के सबसे रोमांचक मैचों में एक है। टीम इंडिया बमुश्किल उलटफेर का शिकार होने से बची। इस मैच में बुमराह ने अपने ब्रह्मास्त्र 'यॉर्कर' से एक फिर विपक्षी खेमे में खलबली मचायी। मैच के हीरो मोहम्मद शमी ने खेल के बाद बताया कि बुमराह आखिर क्यों इतने घातक गेंदबाज हैं। तो बुमराह के स्प्रिंग रबर स्टंप का राज क्या है ? कौन हैं कोहली के 'थ्री मस्केटियर्स' जो 'RUNभूमि' मे जीत का परचम फहराते हैं?

'जस्सी' जैसा कोई नहीं

'जस्सी' जैसा कोई नहीं

जसप्रीत बुमराह वो करिश्माई तेज गेंदबाज हैं जिन्होंने भारत की हारती हुई बाजी को जीत में पलट दी। 28 वें ओवर में अफगानिस्तान का स्कोर 2 विकेट पर 106 रन था और मैच भारत की मुट्ठी से फिसल रहा था। तब बुमराह ही संकटमोचक बन कर सामने आये। उन्होंने एक ही ओवर में रहमत शाह और हशमतुल्ला शाहिदी को निबटा कर मैच भारत की तरफ मोड़ दिया। बुमराह का 29 वां ओवर और 49 वां ओवर मैच का टर्निंग प्वाइंट था। आखिरी दो ओवरों में अफगानविस्तान को 21 रनों की दरकार थी। नबी 44 रन बना कर खेल रहे थे। उनके रहते ये काम मुश्किल न था। मैच का पलड़ा अफगानिस्तान की तरफ झुका हुआ था। 49 वां ओवर बुमराह को इस गेम प्लान के साथ गेंदबाजी दी गयी कि वे या तो नबी का काम तमाम करें या फिर इतने कम रन दें कि आखिरी ओवर में मोहम्मद शमी टारगेट का आसानी से बचाव कर सकें।

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बुमराह का ब्रह्मास्त्र-

बुमराह का ब्रह्मास्त्र-

49 वें ओवर में बुमराह ने नबी को पहली गेंद वाइड यॉर्कर डाली, कोई रन नहीं बना। नबी 47 वें ओवर में बुमराह को छक्का मर चुके थे लेकिन जस्सी ने भी अपना ब्रह्मास्त्र (यॉर्कर) निकाल लिया था। दूसरी गेंद पर नबी ने दो रन लिये। तीसरी गेंद बुमराह ने फिर सटीक यॉर्कर डाली। नबी हड़बड़ा गये। किसी तरह एक रन ले पाये। चौथी गेंद पर नये बल्लेबाज एकराम कोई रन नहीं बना पाये। पांची गेंद फिर यॉर्कर। इकराम ने एक रन बनाया। आखिरी गेंद फिर यॉर्कर डाली जिस पर नबी केवल एक रन बना सके। इस तरह 49 वें ओवर में केवल पांच रन बने। अब अंतिम ओवर में अफगानिस्तान को जीत के लिए 16 रन चाहिए थे। शमी का काम आसान हो गया था। एक- दो चौका लग जाने के बाद भी वे हालात को संभाल सकते थे। हुआ भी ऐसा ही। शमी की पहली गेंद पर ही नबी ने चौका जड़ दिया। लेकिन वे नर्वस नहीं हुए। दूसरी गेंद पर नबी ने जानबूझ कर एक रन नहीं लिया। नबी को लग रहा था कि वे अकेले दम पर ये रन बना लेंगे। तीसरी गेंद पर नबी आउट हो गये। फिर तो शमी ने हैट्रिक का इतिहास रच डाला। हार रहे मैच को भारत ने 11 रनों से जीत लिया।

क्या है बुमराह का स्प्रिंग रबर स्टंप ?

क्या है बुमराह का स्प्रिंग रबर स्टंप ?

मैच के बाद मोहम्मद शमी ने बुमराह के सटीक यॉर्कर का राज खोला। उन्होंने कहा कि बुमराह जिस तरह नेट प्रैक्टिस के दौरान गेंदबाजी करते हैं, ठीक वही प्रदर्शन मैच में भी करते हैं। बुमराह ने अपने प्रैक्टिस के लिए स्प्रिंग रबर स्टम्प बना रखे हैं। नियमित अभ्यास सत्र के बाद वह अपने इस खास स्टंप के साथ अकेले बॉलिंग करते हैं। गेंद खेलने के लिए कोई बल्लेबाज नहीं रहता। वह स्टम्प के कुछ ईंच दूर एक सिक्का रख कर उस पर बॉल को टप्पा खिलाते हैं। बुमराह घंटों इस तरह से अभ्यास करते हैं। चूंकि उनके सामने कोई बल्लेबाज नहीं होता , इस लिए वे अधिकांश गेंद सटीक निशाने पर फेंकते हैं। मैदान में बुमराह यह नहीं देखते कि सामने कौन बल्लेबाजी कर रहा है। उनकी एक ही धुन रहती है कि गेंद को निशाने और ठिकाने पर डालो। बचपन में बुमराह दीवार की जड़ में गेंदबाजी करते थे। यह उनके यॉर्कर की प्रारंभिक फाठशाला थी। स्प्रिंग रबर स्टंप अब उनके यॉर्कर की यूनिवर्सिटी है। बुमराह ने 49 वें ओवर में अपनी इसी कला का कमाल दिखाया था। वे अभी दुनिया के अकेले ऐसे गेंदबाज हैं जो एक ही लेंग्थ से, एक ही स्पॉट पर लगातार यॉर्कर फेंक सकते हैं। इसकी वजह से ही वे डेथ ओवर में दुनिया के सबसे सफल गेंदबाज हैं।

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कौन हैं कोहली के थ्री मस्केटियर्स?

कौन हैं कोहली के थ्री मस्केटियर्स?

विराट कोहली के तीन जांबाज सैनिक हैं जो 'RUNभूमि' में जीत का रास्ता तैयार करते हैं। जसप्रीत बुमराह, यजुवेन्द्र चहल और कुलदीप यादव कोहली के थ्री मस्केटियर्स हैं। मैदान पर जब लड़ाई फंसने लगती है तो कोहली बारी बारी से अपने इन तीन योद्धाओं को मोर्चे पर तैनात करते हैं। जब गुलबदीन और रहमत के बीच तीसरे विकेट के लिए पार्टनरशिप मजबूत होने लगी तो बुमराह ने ब्रेकथ्रू दिलायी। फिर चहल ने असगर अफगान और राशिद खान का विकेट चटकाया जो विस्फोटक बल्लेबाजी की काबिलियत रखते थे। कुलदीप को भले कोई विकेट नहीं मिला लेकिन उन्होंने 10 ओवरों में केवल 39 रन दिये जिससे अफगानी बल्लेबाज दबाव में आ गये। इस दवाब का फायदा चहल को मिला। कोहली के पास ये तीन ऐसे धुरंधर गेंदबाज हैं जो टीम को मुनासिब वक्त पर मनमाफिक नतीजे देने की क्षमता रखते हैं।

Story first published: Sunday, June 23, 2019, 19:56 [IST]
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