कानपुर। क्रिकेट के भगवान के रूप में जाने जाने वाले सचिन तेंदुलकर को लेकर पूर्व हॉकी खिलाड़ी ने एक ऐसा विवादित बयान दे डाला है जिसके चलते सचिन के भारत रत्न सम्मान पर ही सवाल उठ गये हैं।
पूर्व हॉकी खिलाड़ी व पूर्व केंद्रीय मंत्री असलम शेर खान ने कहा कि सचिन तेंदुलकर देश के लिए नहीं बल्कि अपने व्यक्तिगत उपलब्धियों के लिए खेलें। असलम ने कहा कि सचिन को भारत दिलाने के पीछे मुंबई के माफियाओं और उद्योगपतियों का हाथ है।
असलम यहीं नहीं रुके उन होंने कहा कि क्रिकेट सिर्फ मुंबई का खेल है। यदि विराट कोहली को भी लगातार 20 साल टीम में रखने का आश्वासन दे दिया जाए तो वह भी सचिन के बराबर शतक और रिकॉर्ड बना लेगा।
असलम ने कहा कि भारत रत्न के असली हकदार मेजर ध्यानचंद थे। लेकिन मुंबई के उद्योगपति, माफिया और बड़े-बड़े लोगों के सचिन के समर्थन में उतरने से मेजर ध्यानचंद को दरिकनार किया गया।
असलम ने यह बात एक समारोह में कानपुर में कही। उन्होंने कहा कि पहुंचे असलम शेर खान ने कहा कि ध्यानचंद को भारत रत्न केवल इसलिए नहीं मिला क्योंकि वे गरीब थे। खेल के नाम पर क्रिकेट को बढ़ावा दिया जा रहा है। वहीं हॉकी फेडरेशन ने असलम के इस बयान से अपना पल्ला झाड़ते हुए कहा कि यह उनका व्यक्तिगत बयान है और फेडरेशन का इस बयान से कोई लेना-देना नहीं है।