India vs Australia 1st Day Night Test: नई दिल्ली। भारत और ऑस्ट्रेलिया (India vs Australia) के बीच टेस्ट सीरीज का पहला मैच एडिलेड के मैदान पर पिंक बॉल टेस्ट मैच (Pink Ball Test Match) के रूप में खेला जा रहा है। भारतीय टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया और पहले दिन का खेल खत्म होने के बाद 6 विकेट खोकर 233 रन बना लिये। भारतीय टीम ने अपने दोनों सलामी बल्लेबाज महज 36 रन के स्कोर पर खो दिये थे, हालांकि यहां से भारतीय कप्तान विराट कोहली ने चेतेश्वर पुजारा (Cheteshwer Pujara) के साथ 68 रनों की साझेदारी की।
इस दौरान चेतेश्वर पुजारा (Cheteshwer Pujara) ने बेहद धीमी पारी खेली और 160 गेंदों में 43 रनों की पारी खेली और इस दौरान पुजारा (Cheteshwer Pujara) ने पहला चौका जड़ने के लिये 148 गेंदों का सामना किया। मैच खत्म होने के बाद चेतेश्वर पुजारा (Cheteshwer Pujara) ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि उन्हें खुशी है कि उन्होंने यह साझेदारी की, भले ही यह धीमी पारी थी लेकिन इस पिच पर 350 रन का स्कोर भी अच्छा रहेगा इसलिये मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता कि यह धीमी है यह तेज।
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मैच के बाद जब पुजारा (Cheteshwer Pujara) से पूछा गया कि क्या वह पारी में थोड़ी सी तेजी दिखा सकते थे तो पुजारा (Cheteshwer Pujara) ने न में जवाब में दिया।
उन्होंने कहा, 'नहीं, बिल्कुल नहीं, पहले सेशन में हम अच्छी स्थिति में नहीं थे, लेकिन जब गेंद स्विंग कर रही थी तो हमें यह तय करना था कि हम विकेट न गंवायें, यह टेस्ट क्रिकेट के लिहाज से शानदार दिन रहा और हमें अपनी प्लानिंग को लेकर कोई खेद नहीं है। हम शॉट खेलने के चक्कर में और विकेट नहीं खो सकते थे न ही यह चाहते थे हमारी टीम सिर्फ एक दिन में ऑल आउट हो जाये।'
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पुजारा (Cheteshwer Pujara) ने इस दौरान अपनी धीमी बल्लेबाजी का भी बचाव किया और कहा कि विकेट शॉट खेलने के लिये उपयुक्त नहीं था इसलिये वह बड़े शॉट के लिये नहीं जा रहे थे। उनका मानना है कि मैच में अभी दोनों टीमों की पकड़ बरकरार है, हालांकि जिस तरह से कोहली (Virat Kohli) आउट हुए उससे कंगारू टीम को फायदा जरूर हुआ है।
उन्होंने कहा, 'टेस्ट क्रिकेट में आपको धैर्य की जरूरत होती है। अगर विकेट बल्लेबाजी के लिये आसान होती तो आप अटैकिंग हो सकते हैं लेकिन जब गेंदबाजों को मदद मिल रही हो तो आपको ध्यान से खेलना होता है। आप ज्यादा शॉट नहीं लगा सकते। आप अगर पहले बल्लेबाजी कर रहे हैं तो विदेशी सरजमीं पर आप पहली पारी में 200 से कम का स्कोर नहीं चाहेंगे। पहले दो सेशन में गेंदबाज और पिच दोनों एकदम फ्रेश थे।'