नई दिल्ली। नैनीताल हाईकोर्ट ने सचिन तेंदुलकर के दिल के बेहद करीब एक घर को बुल्डोजर से तुड़वा दिया है। जी हां, दरअसल दरअसल मसूरी में बने जिस घर में सचिन तेंदुलकर अकसर छुट्टियां मनाते थे उस घर को नैनीताल हाईकोर्ट के आदेश के बाद गिरा दिया गया। ये घर क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर के करीबी दोस्त संजय नारंग का बताया जाता है। हालांकि खबरें ऐसी भी आती रही हैं कि इस घर के असली मालिक नारंग नहीं बल्कि खुद सचिन तेंदुलकर हैं। हालांकि सचिन ने इस बात को हमेशा नकारा है। इस घर को डहेलिया बैंक हॉउस के नाम से भी जाना जाता है।
लंबी कानूनी लड़ाई के बाद मंगलवार को आखिरकार कैंट प्रशासन ने डहेलिया बैंक हॉउस को तोड़ने का काम शुरू कर दिया। ध्वस्तीकरण को शांतिपूर्वक निपटाने के लिए सुरक्षा के पूरे इंतजाम किए गए। इस पूरे क्षेत्र छावनी में तब्दील किया गया। खबरों की मानें तो सचिन इस विवादित घर के सिलसिले में पिछले साल मनोहर पर्रिकर से भी मिले थे। इस मीटिंग के बाद ही सचिन ने कहा था कि वो घर उनका नहीं है और उसपर उनका कोई हक नहीं है।
दरअसल जब सचिन मनोहर पर्रिकर से मिले थे तब पर्रिकर देश के रक्षामंत्री थे। आपको बता दें कि ये घर रक्षा मंत्रालय के विभाग आईटीएम के नजदीक पचास मीटर की परिधि में आता है जो विभागीय मानकों के अनुसार नहीं है।
गौरतलब है कि मसूरी में इस घर का उद्घाटन साल 2015 में किया गया था। घर के उद्घाटन के समय कई क्रिकेटर और फिल्मी हस्तियां मौजूद थी। माना जा रहा है कि 28 हजार वर्गमीटर में फैले इस घर को तोड़ने में कम से कम 15 दिन लगेंगे।
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