
ढाका को पिचों को शाकिब ने खूब कोसा
जाहिर है दोनों ही टीमों में से कोई बल्लेबाज ढंग से स्कोर नहीं कर पाया। शाकिब अल हसन का कहना है की ऐसी पिचों पर अगर युवा बल्लेबाज 10-15 मैच खेल जाएं तो उनका करियर ही खत्म हो जाएगा। कोलकाता नाइट राइडर्स का हिस्सा बनने के लिए संयुक्त अरब अमीरात से रवाना होने से पहले शाकिब अल हसन ने कहा कि इन पिचों पर जिन्होंने 9-10 मुकाबले खेले हैं वे सभी आउट ऑफ फॉर्म हो गए क्योंकि विकेट ही इस तरह का था कि किसी ने भी अच्छा प्रदर्शन नहीं किया और मैं उम्मीद करता हूं कि बल्लेबाज अपनी इस परफॉर्मेंस को काउंट नहीं करेंगे।
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KKR में जाने का डबल फायदा लेना चाहते हैं शाकिब-
हालांकि बांग्लादेश को दोनों ही सीरीज में जीत हासिल करने में कामयाबी मिली है और शाकिब अल हसन मानते हैं कि इन जीतों से एक लय आई है जिसका फायदा आने वाले T20 वर्ल्ड कप के लिए बांग्लादेश को उठाना होगा। वह कहते हैं, "मुझे लगता है कि हमारी तैयारियां ठीक है और हमने पिछली तीन T20 इंटरनेशनल सीरीज जीती है। इसको लेकर काफी आलोचना रही है और स्कोर भी कम रहे हैं लेकिन आप तब भी जीतते हैं तो उससे बेहतर कुछ नहीं होता। जीत का लगातार सिलसिला आपको अलग-अलग स्तरों पर परफॉर्मेंस करने के लिए आत्मविश्वास देता है। जब आप हार जाते हैं तो आपके पास यह सब नहीं होता। हम विश्वकप में आत्मविश्वास के साथ जाना चाहते हैं।"
शाकिब यह भी कहते हैं कि वे आईपीएल के दौरान इस बात को देखेंगे कि दुबई में पिचों का बर्ताव किस तरह का रहता है। इसके अलावा शारजाह और अबू धाबी में भी आईपीएल के मुकाबले खेले जाएंगे और यहां पर खेलने का तजुर्बा साकिब अपनी टीम के साथ शेयर करना चाहते हैं जिससे कि वह विश्वकप में बेहतर तैयारी के साथ विपक्षी टीमों के खिलाफ आ सके।

IPL से मिली सूचना अपनी टीम को दूंगा- शाकिब अल हसन
हसन आईपीएल की सराहना करते हैं और कहते हैं, "मुझे उम्मीद है आईपीएल सबकी मदद करेगा। हम उन हालातों में समय गुजर रहे होंगे, मैच भी खेलेंगे। मुस्तफिज और मैं अपने अनुभव को बाकी टीम के खिलाड़ियों के साथ साझा कर सकते हैं। हम बाकी खिलाड़ियों का माइंडसेट भी समझने की कोशिश करेंगे और यह भी कि वे विश्व कप को किस तरीके से ले रहे हैं और फिर सूचना अपने खिलाड़ियों को देंगे।"
शाकिब अल हसन के मुताबिक बांग्लादेश की टीम विश्व कप से 15 या 16 दिनों पहले ही ओमान में होगी जो कि परिस्थितियों के हिसाब से खुद को ढालने के लिए पर्याप्त टाइम है। वे कहते हैं, "मुझे नहीं लगता कुछ और हालात बहुत ज्यादा प्रभाव डालने वाले हैं। हम जीतने की मानसिकता को बना चुके हैं जिसके चलते हमें विश्वकप में आत्मविश्वास हासिल करने में मदद मिलेगी।"


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