
मुंबई। न्यूजीलैंड से अंडर 19 विश्वकप का खिताब जीतकर लौटी भारतीय टीम के कोच राहुल द्रविड़ ने कहा है कि जिस तरह से टीम खेली वो उनके लिए एक शानदार अनुभव है। सोमवार को मुंबई में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि मैं बहुत खुश हूं क्योंकि इन 15 खिलाड़ियों ने वर्ल्डकप जीता है, उन्होंने कहा कि जिस प्रेशर में टीम ने शानदार खेल दिखाया, वो बहुत खुशी देने वाला है। उन्होंने कहा कि बड़े टूर्नामेंट के फाइनल में दबाव रहता है, ऐसे दबाव में खेल दिखाना बड़ी बात है। राहुल ने कहा कि कोच का अहम रोल होता है लेकिन असली श्रेय खिलाड़ियों को है, क्योंकि वही मैदान पर प्रेशर को झेलता है। मुंबई में टीम के स्वागत पर उन्होंने कहा कि जिस तरह से लोगों ने उत्साह दिखाया और प्यार दिखाया, वो भी उनके लिए एक अलग ही तजुर्बा है।राहुल द्रविड़ ने कहा कि मुझे इन लड़कों पर बहुत गर्व है। मुझे उम्मीद है कि वो इस पल को लंबे समय तक याद रखेंगे। उम्मीद है कि इस तरह के कई पल उनकी जिंदगी में आएंगे।
टीम के कप्तान पृथ्वी शॉ ने कहा कि सीनियर खिलाड़ियों से सीखी चीजें काफी काम आईं। उन्होंने कहा कि रणजी मैचों में बनाए रनों और अनुभव उनके विश्वकप में काफी काम आया। विश्वविजेता बनने के बाद स्वदेश लौटी अंडर 19 टीम का मुंबई एयरपोर्ट पर तगड़ा स्वागत हुआ। भारत ने फाइनल मुकाबले में 217 रनों के लक्ष्य को 38.5 ओवर में दो विकेट गंवाकर ही हासिल कर लिया। भारत ने चौथी बार ये खिताब जीता है। इससे पहले 2000 में मोहम्मद कैफ की कप्तानी में, 2008 में विराट कोहली की कप्तानी में और 2012 में उन्मुक्त चंद की कप्तानी में विश्व विजेता बन चुका है।