पोर्ट एलिजाबेथ। फीफा विश्व कप के दूसरे दिन के पहले मैच में दक्षिण कोरिया ने ग्रीस के खिलाफ अपनी पहली जीत दर्ज की। कोरिया ने ग्रीस को 2-0 से हराया।
फीफा में एशियाई शक्ति का प्रतिनिधित्व कर रही दक्षिण कोरिया ने शनिवार को ग्रुप-बी के इस मुकाबले में मध्यांतर तक 1-0 की बढ़त बना ली थी। वर्ष 2002 में अपनी और जापान की संयुक्त मेजबानी में सेमीफाइनल तक का सफर तय करने वाली कोरियाई टीम ने सातवें मिनट में ही बढ़त बना ली थी।
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उसके लिए इस विश्व कप का पहला गोल डिफेंडर ली जुंग शू ने किया। यह गोल ग्रीस के खिलाड़ी जी. सिटारिडिस द्वारा फाउल खेलने के बाद कोरिया को मिले फ्रीकिक पर हुआ। अपनी बाईं ओर से आई फ्रीकिक पर जुंग शू ने शानदार वॉली के जरिए अपनी टीम के लिए पहला गोल किया। शानदार खेल दिखी रही कोरियाई टीम ने मध्यांतर के बाद भी जोरदार आक्रमण जारी रखा।
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स्टार स्ट्राइकर और कप्तान पार्क जी सुंग ने नेतृत्व में कोरियाई टीम की एकता देखने लायक थी। इसी का नतीजा था कि 52वें मिनट में कोरियाई टीम एक और गोल करने में सफल रही। बेहतरीन स्ट्राइकर सुंग ने 30 यार्ड दूरी अकेले दम पर नापते हुए यह गोल किया। सुंग ने एक कप्तान के तौर पर शानदार क्षमता का प्रदर्शन करते हुए पहले तो ग्रीस की टीम के सभी डिफेंडर को छकाया और फिर थोड़ा रुककर गोलकीपर एलेकजेंड्रोस तोरवास के बगल से गेंद को गोलपोस्ट में डाल दिया।
यह गोल उन्होंने अकेले अपने दम पर किया। इस गोल ने साबित कर दिया है कि आखिर सुंग को क्यों एशिया ही नहीं बल्कि दुनिया के सबसे तेज तर्रार स्ट्राइकरों में से एक समझा जाता है।