टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी मेजबान टीम को पहला झटका पीटर सिडल ने कप्तान एंड्रयू स्ट्रॉस के रूप में दिया। स्ट्रॉस तीन रन बनाकर मार्कस नार्थ के हाथों लपके गए। उस समय कुल योग 11 रन था। कुल योग में अभी पांच रन ही जुड़े थे कि बेन हिफेनहास ने रवि बोपारा को भी चलता कर दिया। बोपारा एक रन ही बना सके। बोपारा का कैच माइकल हसी ने लपका।
लंबे समय बाद वापसी कर रहे इयान बेल भी कुछ खास नहीं कर सके और आठ रन बनाकर मिशेल जानसन की गेंद पर हेडिन के हाथों लपके गए। यह विकेट 39 रन के कुल योग पर गिरा। इंग्लैंड को पॉल कोलिंगवुड से अच्छी पारी की आस थी लेकिन उन्होंने भी निराश किया। कोलिंगवुड खाता खोले बगैर 42 रन के कुल योग पर स्टुअर्ट क्लार्क की गेंद पर कप्तान रिकी पोंटिंग के हाथों लपके गए।
कोलिंगवुड की विदाई के कुछ देर बाद ही काफी लंबे समय से विकेट पर टिके सलामी बल्लेबाज एलिस्टर कुक का भी संयम जवाब दे गया। कुक 63 रन के कुल योग पर क्लार्क की गेंद पर माइकल क्लार्क के हाथों लपके गए। कुक ने 65 गेंदों का सामना करते हुए तीन चौकों की मदद से 30 रन बनाए।
इसके बाद क्लार्क ने स्टुअर्ट ब्रॉड का भी काम तमाम कर दिया। ब्रॉड तीन रन बना सके। यह विकेट 72 रन के कुल योग पर गिरा। इस विकेट के गिरने के साथ ही भोजनकाल की घंटी बज गई। मैट प्रायर 17 रन बनाकर नाबाद हैं।
इस मैच में इंग्लैंड के हरफनमौला खिलाड़ी एंड्रयू फ्लिंटॉफ नहीं खेल रहे हैं। घुटने की चोट से परेशान फ्लिंटॉफ के स्थान पर तेज गेंदबाज स्टीव हर्मिसन को टीम में जगह दी गई है।
आस्ट्रेलियाई टीम तीन परिवर्तनों के साथ मैदान में उतरी है। नेथन हॉरिट्ज के स्थान पर तेज गेंदबाज स्टुअर्ट क्लार्क को अंतिम-11 में जगह मिली है जबकि विकेटकीपर के तौर पर ब्रैड हेडिन ने अपने युवा साथी ग्राहम मानेउ का स्थान लिया।
पांच मैचों की श्रृंखला में मेजबान टीम 1-0 की बढ़त बनाए हुए है। कार्डिफ में खेला गया पहला मैच बराबरी पर छूटा था जबकि इंग्लैंड ने लॉर्ड्स में 115 रनों से जीत हासिल की थी। इसके बाद एजबेस्टन में खेला गया तीसरा मैच भी ड्रॉ रहा था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।