नई दिल्ली। भारत की शटलर क्वीन पीवी सिंधु एक नये विवाद में फंस गई हैं। मुंबई मिरर में छपी खबर के मुताबिक रियो ओलंपिक में भारत के लिए सिल्वर मेडल जीतने वाली सिंधु ने रियो में 'योनेक्स' कंपनी के कपड़े पहने थे, जिससे उनका प्राईवेट करार है, जबकि इंडिया केे एथलिटों का सरकारी करार योनेक्स के राईवल 'किंग लिन निंग' कंपनी से है।
खबर है कि 'किंग लिन निंग' कंपनी ने 3 करोड़ रूपये इंडियन ओलंपिक संघ को खिलाड़ियों के लिए अदा किये थे, बावजूद इसके सिंधु ने उनके ब्रांड को यूज नहीं किया। गौरतलब है कि पीवी सिंधु रियो ओलंपिक 2016 के बैंडमिटन एकल स्पर्धा के फाइनल में स्पेन की खिलाड़ी कैरोलीना मारिन से पराजित हो गई थीं जिसके कारण उन्हें सिल्वर मेडल पर संतोष करना पड़ा था।
'किंग लिन निंग' के कार्यकर्ता महेन्द्र कपूर ने इस बारे में आईओए से शिकायत की है। उन्होंने मुंबई मिरर से कहा कि हमें हमेशा से आईओए से सपोर्ट मिलता रहा है, हमने भी हमेशा कोशिश की खिलाड़ी खुश रहें लेकिन दुख तब होता है जब इतनी कोशिशों और खर्चे के बाद भी कुछ खिलाड़ियों ने हमारे ही राईवल की चीजों को तरजीह दी।
फिलहाल इस बारे में आईओए की ओर से तो कोई बयान नहीं आया है लेकिन सूत्र कह रहे हैं कि पीवी सिंधु 'किंग लिन निंग' की ओर से दी गई क्लॉथ किट से संतुष्ट नहीं थीं, उन्हें किट का कलर सेलेक्शन रास नहीं आया था इसलिए उन्होंने रियो में उसका प्रयोग नहीं किया।