कोलंबो : शिखर धवन की कप्तानी में श्रीलंका दाैरे पर गई भारतीय टीम के लिए सात खिलाड़ियों ने वनडे सीरीज के दाैरान डेब्यू किया। तीसरे वनडे में भारत की अंतिम 11 सदस्यीय टीम में छह बदलाव किए गए। भारत के पांच खिलाड़ी वनडे डेब्यू कर रहे हैं। साथ ही इस मैच के लिए अंतिम 11 में तेज गेंदबाज नवदीप सैनी को मौका मिला।
40 साल बाद हुआ ऐसा
तीन मैचों की वनडे सीरीज के पहले दो मैच जीतने के बाद भारतीय टीम पहले ही सीरीज में जीत की बढ़त ले चुकी थी। इसलिए सीरीज के आखिरी मैच में अन्य खिलाड़ियों को मौका देने का फैसला किया गया। उसी के तहत भारतीय टीम में 6 बदलाव किए गए। उनमें से पांच अपना वनडे डेब्यू कर रहे थे। यह केवल दूसरी बार है जब भारतीय क्रिकेट में पहले वनडे के बाद पांच क्रिकेटरों ने एक साथ अपना वनडे डेब्यू किया है।
भारतीय क्रिकेट के इतिहास में सबसे पहली बार 5 खिलाड़ियों ने डेब्य एक साथ 6 दिसंबर 1980 को मेलबर्न के मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में किया था। संदीप पाटिल, रोजर बिन्नी, कीर्ति आजाद, तिरुमल्ला श्रीनिवासन और दिलीप दोशी ने उस समय भारतीय टीम के लिए अपना वनडे डेब्यू किया था। चालीस साल बाद अब फिर ऐसा हुआ है कि टीम के लिए 5 खिलाड़ियों ने एक साथ डेब्यू किया।
केरल के कप्तान संजू सैमसन, दिल्ली के अनुभवी बल्लेबाज नीतीश राणा, राजस्थान के युवा लेग स्पिनर राहुल चाहर, कर्नाटक के हरफनमौला खिलाड़ी कृष्णप्पा गौतम और सौराष्ट्र के तेज गेंदबाज चेतन सकारिया ने शुक्रवार के मैच में अपना वनडे डेब्यू किया। इनमें गौतम, सकारिया और राणा का इंटरनेशनल डेब्यू भी है। इन पांचों के साथ अब तक 241 क्रिकेटर भारतीय टीम के लिए वनडे मैच खेल चुके हैं।